संवाद न्यूज एजेंसी
अछल्दा। जिन हाथों में किताबें होनी चाहिए उन हाथों में नगर पंचायत की कूड़ा गाड़ी है। आदर्श नगर पंचायत का दर्जा लिए अछल्दा नगर पंचायत में सफाई व्यवस्था नाबालिगों के हाथ में दे दी गई है। हालांकि अधिशासी अधिकारी (ईओ) ने मामले का संज्ञान लेकर कार्रवाई किए जाने के लिए कहा है।
नगर पंचायत में साफ-सफाई की व्यवस्था नाबालिगों के हाथ में होने से नगर पंचायत क्षेत्र में सफाई कैसी होगी यह कस्बा में देखने के बाद ही लोगों को आभास हो जाता है। कस्बा के हरीगंज बाजार में तिराहे वार्ड में सुबह साफ-सफाई के दौरान दो नाबालिग सफाई करते नजर आए। इनकी अभी खेलने कूदने व पढ़ाई की उम्र है। नगर पंचायत की कूड़ा गाड़ी में कूड़ा भरकर ले जाते देखे गए।
वहीं कस्बे के लोगों का कहना है कि नगर पंचायत में अधिशासी अधिकारी की नियुक्ति शासन के आदेश पर हुई थी, लेकिन अधिशासी अधिकारी के पास नगर पंचायत कार्यालय में बैठने का समय ही नहीं है। जब कोई विशेष कार्य होता है तभी वह कार्यालय आते हैं। उनके पास अतिरिक्त में बिधूना नगर पंचायत का भी चार्ज है। इसलिए वह ज्यादातर बिधूना में ही रहते हैं।
अगर वह कुछ समय नगर पंचायत कार्यालय अछल्दा में भी दे देते तो हो सकता है कि नाबालिग सफाई कार्य करते न देखे जाते। मामले को लेकर अधिशासी अधिकारी विकास कुमार ने बताया कि नाबालिगों के सफाई करने के मामले की जानकारी कर कार्रवाई की जाए। दो जगह का चार्ज है। फिर भी पूरा ध्यान दिया जा रहा है।