संवाद न्यूज एजेंसी
अछल्दा। अछल्दा विकास खंड की वैशौली ग्राम पंचायत स्थित गोशाला परिसर में शुक्रवार को कई गड्ढे खोदे गए। जिन्हें बाद में ट्रैक्टर आधारित लेबलर मशीन से बंद कराया गया। चर्चा रही कि ये गड्ढे मृत मवेशियों के लिए किए गए। मामले में सीडीओ अनिल कुमार सिंह ने जांच कराए जाने के निर्देश दिए हैं।
जिले में वर्तमान समय में 54 गोशालाओं का संचालन किया जा रहा है। इनमें काफी संख्या में मवेशियों का सरंक्षण किया जा रहा है। अछल्दा विकासखंड की वैशौली ग्राम पंचायत के मजरा चिंता नगला में भी एक गोशाला संचालित की जा रही है। पंचायत सचिव नीरज कुमार व प्रधान की देखरेख में 190 के करीब मवेशी यहां संरक्षित हैं। शुक्रवार को यहां गोशाला परिसर में काफी संख्या में बड़े-बड़े गड्ढे खोदे पाए गए। जिन्हें मिट्टी लेवलर ट्रैक्टर के जरिए बंद कराया गया।
गोशाला परिसर में बड़े-बड़े गड्ढों का होना अपने आप में सवाल खड़ा कर रहा था। चर्चा में इन गड्ढों को मृत मवेशियों के दफनाने के लिए प्रयोग किए जाने की बात रही। वहीं मामले को सीडीओ अनिल कुमार सिंह ने संज्ञान में लिया है। मुख्य विकास अधिकारी अनिल कुमार सिंह ने बताया कि गड्ढे क्यों खोदे गए थे। क्या वजह रही। आदि बिंदुओं को लेकर जांच कराई जाएगी। शनिवार को गोशाला में टीम भेजी जाएगी। इसके बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।