अजीतमल (औरैया)। कोतवाली परिसर स्थित पुलिस आवास की छत पर शुक्रवार सुबह 10 बंदर मृत मिले। मौके पर पहुंचे पशु चिकित्सक ने जहर से मौत की आशंका जताई है। शवों का पोस्टमार्टम कर विसरा जांच के लिए बरेली स्थित प्रयोगशाला भेजा गया है।
कोतवाली परिसर में ही पुलिसकर्मियों के आवास हैं। परिसर में बड़ी संख्या में बंदर भी डेरा जमाए रहते हैं। शुक्रवार रात कुछ बंदर बेहोशी की हालत में नजर आए। ठंड से बंदरों के ठिठुरने की बात सोचकर लोग अनदेखा कर गए। सुबह छत व परिसर के आसपास 10 बंदर मृत मिले।
पुलिसकर्मियों ने घटना की जानकारी कोतवाली प्रभारी शशिभूण मिश्रा को दी। कोतवाल ने पशु चिकित्सक डॉ. कैलाश को बुलाया। बीमारी से मौत की आशंका जता बंदरों के शवों का पोस्टमार्टम कराया गया। डॉ. कैलाश का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला जहर सेवन का लग रहा है। विसरा की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही कारण स्पष्ट हो सकेगा।
उन्होंने बंदरों में किसी भी तरह की महामारी फैले होने की आशंका से इन्कार किया है। उधर, एक साथ बंदरों की मौत पर लोगों ने विरोध भी जताया है। कोतवाल ने बताया कि बंदरों की मौत का कारण स्पष्ट नहीं हुआ है। बंदरों का विधि-विधान के साथ अंतिम संस्कार कराया गया है। यदि किसी ने खाने में कोई जहरीली चीज डाली है, इसकी जानकारी पर कार्रवाई की जाएगी।