अमरोहा के हसनपुर में रहस्यमयी ढंग से छप्पर में लगी आग से घर में सोते समय 55 वर्षीय महिला की जलकर मौत हो गई। घटना शुक्रवार तड़के तीन बजे की है। पुलिस घटना की जांच पड़ताल में जुट गई है। परिजन किसी भी तरह की रंजिश से इनकार कर रहे हैं।
घटना कोतवाली क्षेत्र के गांव करनखाल की है। गांव में मजदूर बृजपाल का परिवार रहता है। बृजपाल के दो बेटे पूरन और चेतराम गांव में अंदर बने घर में रहते हैं जबकि बृजपाल एवं उनकी 55 वर्षीय पत्नी मंगिया गांव के बाहरी छोर पर बने छप्पर के घर में रहते थे। बृहस्पतिवार रात बृजपाल और उसके दोनों बेटे गांव के पास ही एक गन्ना कोल्हू पर मजदूरी करने के लिए गए थे जबकि रोजाना की तरह मंगिया छप्पर के घर में सो रही थी। शुक्रवार तड़के करीब तीन बजे अचानक छप्पर के घर में आग लग गई। आग की लपटें उठती देख आसपास के लोगों ने शोर मचा दिया। मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। किसी तरह से आग पर काबू पाया गया। देखा तो चारपाई पर मंगिया की बुरी तरह से जलकर मौत हो चुकी थी। आग से छप्पर के घर में रखा घरेलू सामान भी राख हो गया था।
कोतवाली प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र सिंह पुंडीर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भिजवा दिया। मृतका के बेटे चेतराम का कहना है यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि छप्पर में आग कैसे लगी। चारपाई पर मां सोती ही रह गई। सीओ अभिषेक कुमार यादव ने बताया कि सोते समय महिला की जलकर मौत होने की बात सामने आई है। शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया है। जांच पड़ताल की जा रही है। विधायक महेंद्र खड़गवंशी ने भी मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली और परिजनों को हर संभव मदद कराने का भरोसा दिया।