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Amroha News: स्टेडियम के विस्तार का इंतजार, शासन में अटका बजट

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अमरोहा। खिलाड़ियों के दम पर अमरोहा की पहचान देश ही नहीं बल्कि विश्वपटल पर भी हुई है। स्थानीय खिलाड़ियाें को बढ़ावा दिए जाने के लिए जिले में स्टेडियम का निर्माण कराया गया, लेकिन स्टेडियम के विस्तार की उम्मीद में खिलाड़ी अभी भी आस लगाए हैं। आठ करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले बहुउद्देशीय हॉल को मंजूरी तो मिली, लेकिन शासन से बजट का इंतजार है। बैडमिंटन, वाॅलीबाल कोर्ट, क्रिकेट पिच अभी तैयार नहीं हो सकी है। हालांकि, यहां तीन खेलों कबड्डी, एथलेटिक्स व कुश्ती के कोच की तैनाती हो चुकी है, लेकिन सुविधा के अभाव में खिलाड़ी नहीं पहुंच रहे हैं।
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खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए सूबे के तत्कालीन खेलमंत्री चेतन चौहान ने जिले को स्टेडियम की सौगात थी। गांव मालीखेड़ा में करीब 53 बीघा जमीन में यह स्टेडियम 10.69 करोड़ रुपये की लागत से बनकर तैयार हुआ। फरवरी 2023 में यह क्रीड़ा विभाग के सुपुर्द कर दिया गया था। लंबे समय तक स्टेडियम में खिलाड़ियों ने सुविधाओं का इंतजार किया। धीरे-धीरे कुछ खेलों के लिए यहां कोच व अन्य संसाधनों की जरूरतों को पूरा भी किया गया, लेकिन जिस उद्देश्य से इस स्टेडियम का निर्माण कराया गया था। वह आज भी पूरा होता नहीं दिख रहा है।
फरवरी में बहुद्देश्यीय हॉल के लिए प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा गया था। इसको मार्च में मंजूरी भी मिल गई, लेकिन वित्तीय वर्ष की समाप्ति एवं आचार संहिता के कारण बजट पास नहीं हो सका था। उम्मीद थी कि आचार संहिता हटने के बाद बजट जारी हो जाएगा, लेकिन उम्मीद है कि खत्म होने का नाम ही नहीं ले रही है। पांच माह बीतने के बाद भी बहुद्देश्यीय हॉल के निर्माण के लिए बजट शासन में अटक गया है। जिससे खिलाड़ियाें को अपनी प्रतिभाओं को निखारने का मौका नहीं मिल पा रहा है।
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खिलाड़ियों को निजी खेल प्रशिक्षण संस्थानों से आस
ऐसा नहीं है कि जिले में खेल प्रतिभाओं की कमी है, लेकिन सही प्लेटफॉर्म न मिलने के कारण खिलाड़ी अपनी प्रतिभा को निखार नहीं पाते हैं। सरकारी स्टेडियम में खेल सुविधाएं न मिलने से खिलाड़ियों को निजी खेल प्रशिक्षण संस्थाओं की और रूख करना पड़ता है। जहां उन्हें भारी भरकम फीस जमा करनी होती है। मोटी फीस जमा न कर पाने खिलाड़ी इन प्रशिक्षण संस्थानों में प्रवेश नहीं ले पाते हैं। इससे उनकी प्रतिभा दबकर रह जाती है।
बहुद्देश्यीय हॉल में यह होना था निर्माण
स्पोर्ट्स स्टेडियम में बनने वाले बहुउद्देशीय हॉल में इंडोर खेलों के लिए फोल्डिंग कोर्ट तैयार होना है। इसमें खिलाड़ी एक ही कोर्ट पर टेबल टेनिस, बैडमिंटन जैसे गेम के लिए उसे तत्काल बदलने की सुविधा मिलेगी। इसमें ज्यादा समय नहीं लगेगा। बहुउद्देशीय हॉल में बास्केट बॉल, बैडमिंटन, हैंड बॉल, कबड्डी, टेबल टेनिस, टेनिस, कुश्ती आदि खेलों का आयोजन हो सकेगा।
यूपीपीसीएल करेगी निर्माण
बहुउद्देशीय हॉल के निर्माण का जिम्मा उत्तर प्रदेश प्रोजेक्ट कॉर्पोरेशन लिमिटेड को दिया गया है। हॉल के निर्माण में चिकित्सा कक्ष, उपकरण के लिए भंडारण कक्ष, शौचालय, शॉवर और चेंजिंग रूम आदि का निर्माण होगा। बजट मिलने के बाद इस पर तेजी के साथ काम शुरू होने की उम्मीद थी।
- जिले में स्टेडियम का निर्माण हुआ तो उम्मीद जगी कि वह अपने खेल को धार दे सकेंगे। लेकिन खेल के प्रति शासन की उदासीनता का खामियाजा खेलों में रूचि रखने वाले युवाओं को भुगतना पड़ रहा है। - आकाश कुमार, खिलाड़ी
- सरकार को खेलों की और भी ध्यान देना चाहिए। स्टेडियम में जरूरत के संसाधनों को पूरा किया जाए तभी यह अपनी सार्थकता को सिद्ध कर सकता है। - मृदुल गोस्वामी, खिलाड़ी
- बहुद्देश्यीय हॉल के निर्माण के लिए सभी जरूरी लिखापढ़ी को पूरा कर लिया गया है। केवल शासन से बजट का इंतजार किया जा रहा है। जैसे ही बजट मिलेगा हॉल का निर्माण शुरू हो जाएगा। - देशकांत त्यागी, जिला क्रीड़ा अधिकारी
- क्रिकेट पिच बनने का अब भी इंतजार
जिला क्रिकेटरों के लिए जाना जाता है। स्टेडियम में क्रिकेट प्रतिभाओं को निखारने के लिए तीन माह पहले पिच बनाने की तैयारी शुरू हुई, लेकिन अभी तक कार्य अधूरा पड़ा है। कहने को पिच बनाने के लिए मिट्टी तो मंगा ली गई है, लेकिन पिच कब तक तैयार होगी, यह कहा नहीं जा सकता है।
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