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Amroha News: साढू ने चोरी कराया था 50.50 लाख रुपयों से भरा बैग

Sat, 02 Sep 2023 12:54 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमरोहा
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अमरोहा। आठ दिन पहले डिडौली कोतवाली क्षेत्र में हाईवे स्थित पायती कलां प्रथमा बैंक के सामने से कार से 50.50 लाख रुपये से भरा बैग चोरी की घटना का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया। पीड़ित किसान के अलीगढ़ निवासी साढू ने ही मुरादाबाद और रामपुर के बदमाशों से नोटों से भरा बैग चोरी कराया था। बाद में आरोपियों ने रुपये का आपस में बंदरबांट कर लिया था। पुलिस ने आरोपी साड़ू समेत छह बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके कब्जे से 32.30 लाख रुपये, 1 कार, 3 बाइक, 7 मोबाइल और एक बैग बरामद हुआ है। पुलिस ने पकड़े सभी छह आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया। जबकि फरार चल रहे दो आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
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बृहस्पतिवार को एसपी कुंवर अनुपम सिंह ने पुलिस ऑफिस में घटना का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि मुरादाबाद में पाकबड़ा थानाक्षेत्र के लोधीपुर राजपूर में किसान फैयाज ने करीब चार महीने पहले अपने गांव में हाईवे स्थित डेढ़ बीघा जमीन 74 लाख रुपये में बेची थी। इसके बाद उसने डिडौली कोतवाली क्षेत्र के तावई गांव निवासी शमीम से साढ़े छह का जमीन का सौदा 50.50 लाख रुपये तय किया था। 24 अगस्त की दोपहर बाद जमीन का बैनामा अमरोहा सदर तहसील में होना था। तावई निवासी शमीम ने फैयाज को फोन करके रुपये पायती कलां गांव स्थित प्रथमा बैंक पर लाकर उसके खाते में जमा करवाने के लिए कहा। इसके बाद सभी लोग जमीन का बैनामा कराने के लिए अमरोहा तहसील जाने वाले थे। जमीन विक्रेता शमीम के बताए मुताबिक फैयाज रुपयों भरा बैग लेकर अपने अलीगढ़ निवासी साडू बाबू अली और तावई गांव निवासी बहनोई अली हसन के साथ कार से बैंक के बाहर पहुंचे। यहां बैंक के बाहर तीनों कार से बाहर निकलकर जमीन मालिक से बात करने लगे थे। इसी दौरान जोया की ओर से आए बाइक सवार दो बदमाश कार में रखा रुपयों से भरा बैग चोरी कर भाग निकले। पायती कलां निवासी फैजान ने बदमाशों को बैग चोरी करते देख कर शोर मचाया, लेकिन तब तक दोनों बाइक सवार बदमाश मुरादाबाद की ओर भाग निकले थे। इस मामले में पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ चोरी का मुकदमा दर्ज किया था। घटना में शामिल छह आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। मुख्य आरोपी बाबू अली खुद को डॉक्टर लिखता है। पुलिस ने बताया कि उसने पीएचडी कर रखी है।
एसपी कुंवर अनुपम सिंह ने बताया कि पीड़ित किसान फैयाज ने छह महीने पहले अपनी जमीन बेची थी। जब जमीन का सौदा तय हुआ था तो फैयाज का साढू बाबू अली मौजूद था। बाबू अली अलीगढ़ में जमीन की खरीद फरोख्त का काम करता है। वर्तमान में बाबू अली का काम ठीक नहीं चल पा रहा था। जिसके चलते उसके पास पैसों की तंगी हो गई थी। अपने साडू फैयाज के पास भारी भरकम रकम आती देखकर उसकी नियत खराब हो गई और उसने रुपये को हासिल करने की पटकथा लिख डाली। तभी उसने फैयाज के रुपयों को चोरी कराने या लुटवाने का मन बना लिया था।
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एसपी के मुताबिक करीब बीस दिन पहले बाबू अली अपने दोस्त अंकित चौधरी के साथ मुरादाबाद जनपद में सिविल लाइन थानाक्षेत्र के मोहल्ला काजीपुरा निवासी ताहिर से मिला। कुछ देर बात करने के बाद अंकित वहां से चला गया। तभी बाबू अली ने अपनी योजना ताहिर को बताई। लिहाजा ताहिर इस घटना को अंजाम दिलाने के लिए तैयार हो गया। ताहिर ने स्पष्ट आश्वासन दिया कि उसके पास कई लड़के हैं जो इस घटना को बखूबी अंजाम दे सकते हैं। इसके बाद बाबू अली और ताहिर ने एक दूसरे का फोन नंबर ले लिया। 20 अगस्त को बाबू अली को पता चला कि उसके साडू फैयाज ने डिडौली के तावई गांव में जमीन का सौदा तय कर दिया है। इसके बाद फैयाज सारी रकम जमीन मालिक को दे देगा। तभी बाबू अली के कहने पर ताहिर ने मुरादाबाद के मोहल्ला हर्ष नगर निवासी सौरभ, रामपुर जनपद के रवाना निवासी जाकिर, पाकबड़ा थानाक्षेत्र के गांव करीमपुर जब्ती निवासी धर्मवीर, कुंदरकी थानाक्षेत्र के पंडिया निवासी रियाज उर्फ रियासत व इकराम और भोजपुर थाना क्षेत्र के बहेड़ी ब्रह्मनान निवासी मुजाहिद को इकट्ठा कर लिया। पहले सभी का आपस में परिचय कराया। इसके बाद 23 अगस्त को सभी बदमाश मझौला थानाक्षेत्र में दिल्ली रोड पर मिले और पूरी योजना तैयार कर ली।
एसपी ने बताया कि आरोपी बाबू अली खुद अलीगढ़ से स्कॉर्पियो कार लेकर अपने साडू के घर पहुंचा था। जिसमें अपने साढू फैयाज और उसके बहनोई अली हसन को बैठाकर पायती कलां बैंक पर पहुंचा। लेकिन प्लान के तहत तीन बाइकों पर सवार छह बदमाश फैयाज के घर से निकलते कार का पीछा करने लगे थे। पायती कलां में बैंक के बाहर किसान फैयाज और आरोपी बाबू अली कार से उतरकर थोड़ी दूर जाकर जमीन बेचने वाली पार्टी से बात करने लगे थे। तभी बाबू अली ने कार में बैठे अली हसन को भी अपने पास बुला लिया। जिस घटना को अंजाम आसानी से दिया जा सके। जैसे ही अली हसन कार से उतरकर फैयाज और बाबू अली के पास पहुंचा तभी आरोपी मुजाहिद, इकराम, रियाज उर्फ रियासत, धर्मवीर, सौरभ व जाकिर ने कार में रखा नोटों से भरा थैला चोरी कर लिया और मौके से भाग गए।
पुलिस के मुताबिक सभी बदमाश रुपये का थैला लेकर रियाज उर्फ रियासत व मुजाहिद रियाज उर्फ रियासत के घर पंडिया गए और यहीं पर रुपयों को छिपा दिया था। अगले दिन आबू अली और इकराम आरोपी रियाज उर्फ रियासत के घर पहुंचे और बैग के रुपयों की गिनती की थी। बैग में 50 लाख 50 हजार रुपये निकले थे। जिनमें से 10 लाख रुपये खुद बाबू अली ने ले लिए। जबकि 14 लाख रुपये रियाज उर्फ रियासत, 10 लाख रुपये मुजाहिद और 4 लाख 20 हजार रुपये इकराम ने ले लिए थे। जबकि शेष 12 लाख 30 हजार रुपये बाबू अली ये कह कर अपने पास रख लिए थे कि ये रुपये धर्मवीर, सौरभ, जाकिर व ताहिर में बांटे जाएंगे लेकिन रुपयों को बांटते समय पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। जबकि शेष 14 लाख रुपये रियाज उर्फ रियासत और 4 लाख 20 हजार रुपये इकराम के पास हैं। दोनों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
डिडैली कोतवाली के इंस्पेक्टर अरविंद कुमार त्यागी, दरोगा कपिल कुमार, जोया चौकी प्रभारी लवनीश कुमार, हेड कांस्टेबन धर्मेंद्र तिवारी, रामदेव सिंह, कांस्टेबल गौरव तोमर, अंकित मलिक, रोहित तोमर, आकाश तोमर रहे। जबकि एसओजी और सर्विलांस टीम में सर्विलांस प्रभारी बिजेंद्र मलिक, एसओजी प्रभारी सुक्रमपाल राणा, हेडकांस्टेबल गौरव शर्मा सर्विलांस सैल, योगेश तोमर सर्विलांस सैल, विजय शर्मा एसओजी टीम, सुभाष यादव एसओजी टीम, मोहित विशेष टीम, कांस्टेबल अरविंद शर्मा, लवी चौधरी सर्विलांस सैल, आशीष कुमार एसओजी टीम, राकेश एसओजी टीम, सूरज कुमार एसओजी टीम, कमल सर्विलांस सैल, शिवांक विशेष टीम, अंकुर कुमार विशेष टीम रहे। खुलासा करने वाली टीम को एसपी कुंवर अनुपम सिंह ने अपने पास से 25 हजार रुपये का इनाम दिया है। साथ ही उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा है।
मुरादाबाद के कुंदरकी थानाक्षेत्र के रियाज उर्फ रियासत और यहीं के रहने वाले इकराम को पुलिस की तलाश है। पुलिस जल्द दोनों आरोपियों के गिरफ्तार करने का दावा कर रही है। शहर से लेकर गांव तक लगे सीसीटीवी कैमरों ने एक बार फिर पुलिस की तीसरी आंख बनाकर काम किया। घटना को अंजाम देकर भागे बदमाश बीस से अधिक कमरे में कैद हो गए थे। पुलिस ने घटना स्थल से लेकर और कुंदरकी के पंडिया गांव तक 100 से अधिक कैमरे चेक किए। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से बैग चोरी करके भागने वाले मुजाहिद और उसकी बाइक की पहचान हुई। पुलिस के मुखबिर द्वारा स्थिति साफ होने के बाद एसओजी और पुलिस की संयुक्त टीम ने सबसे पहले मुजाहिद को गिरफ्तार किया था।
कार से रुपयों से भरा बैंक चोरी होने के बाद पुलिस को पहले दिन से ही बाबू अली पर शक था। पुलिस ने उससे पूछताछ भी की थी। नोटों से भरा बैग कार में छोड़ना और कार में बैठे अली हसन को भी अपने पास बुला लेना पुलिस के गले नहीं उतर रहा था। पुलिस की टीम बाबू अली की गतिविधि पर भी नजर रख रही थी।

पीड़ित किसान ने जताया आभार
पुलिस ऑफिस में खुलासे के दौरान पीड़ित किसान फैयाज हाथ जोड़कर खड़ा हो गया। उसने पुलिस का आभार जताया। फैयाज ने कहा कि उसकी मेहनत की कमाई वापस मिल गई। इसकी उसे बेहद खुशी है। लेकिन उसके सगे साडू ने वारदात को अंजाम दिया ये दुखद है। जमीन के बेचने से खरीदने तक की कार्रवाई में साडू बाबू अली साये की तरह साथ रहा। उसने कभी एहसान नहीं होने दिया कि वह ये सब रुपयों के लिए कर रहा है। वहीं एसपी कुंवर अनुपम सिंह ने फैयाज को आश्वासन दिया उसके टोटल रुपये वापस कराए जाएंगे। भागे हुए दोनों आरोपियों को पकड़ कर बकाया रुपये जल्द बरामद कर लिए जाएंगे।
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