श्रीमति सुखदेवी इंटर काॅलेज के अभिलेख छिपाने और पद का दुरुपयोग करने के मामले में पूर्व प्रबंधक व पूर्व कार्यवाहक प्रधानाचार्य के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। यह कार्रवाई प्रधानाचार्य की शिकायत पर हुई है।
श्रीमति सुखदेवी इंटर काॅलेज के प्रधानाचार्य परम सिंह ने पुलिस को तहरीर दी। बताया कि विद्यालय के तत्कालीन प्रबंधक विनय अग्रवाल ने झूठे आरोप लगाकर तीन अप्रैल 2018 को उन्हें प्रधानाचार्य पद से निलंबित करके विद्यालय के ही प्रवक्ता महीपाल सिंह को प्रधानाचार्य का पद भार सौंप दिया था। निलंबित होने के बाद प्रधानाचार्य परम सिंह ने हाईकोर्ट के आदेश पर 14 फरवरी 2019 दोबारा विद्यालय में पदभार ग्रहण कर लिया था। तब प्रधानाचार्य की कस्टडी में रहने वाले अभिलेख तत्कालीन कार्यवाहक प्रधानाचार्य व पटल सहायकों से मांगे, लेकिन नहीं मिले। पता चला कि कार्यवाहक प्रधानाचार्य ने सभी अभिलेख प्रबंधक को सौंप दिए। इसके कुछ समय बाद विनय अग्रवाल को प्रबंधक पद से हटा दिया गया।
आरोप है कि डीआईओएस के आदेश की अवहेलना करते हुए कार्यवाहक प्रधानाचार्य एवं प्रबंधक ने 5 दिसंबर 2018 से 5 मार्च 2019 तक विकास खाते से रुपये 3,76,372 निकालकर दुरुपयोग किया। इसे छिपाने के लिए मूल अभिलेख विद्यालय से गायब कर दिए। इसकी शिकायत विभागीय अधिकारियों से की गई तो संयुक्त शिक्षा निदेशक द्वादश मंडल मुरादाबाद व विद्यालय के प्राधिकृत नियंत्रक ने मामले में पुलिस कार्रवाई कराने की बात की। सीओ दीप कुमार पंत ने बताया प्रधानाचार्य की तहरीर पर पूर्व कार्यवाहक प्रधानाचार्य महीपाल सिंह व पूर्व प्रबंधक विनय अग्रवाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।