हसनपुर। सांड़ के हमले में हुई फौजी अंकित की मौत के बाद शाम को जब शव उनके गांव नवाबपुरा पहुंचा तो उनके अंतिम दर्शन करने को पूरा गांव उमड़ पड़ा। बेटे का शव देख मां बेहोश हो गईं, जबकि पत्नी सोनम भी सुधबुध खो बैठीं। अन्य महिलाओं ने उन्हें संभाला। पिता चंद्रपाल और भाई अंकुर व नकुल का भी रो-रोकर बुरा हाल था। अंकित के शव के अंतिम दर्शन के लिए लोग लालायित दिखे। इसके बाद शव यात्रा शुरू हुई तो हजारों लोग साथ चले। अंकित का उनके खेत में ही अंतिम संस्कार किया गया। सबसे छोटे भाई नकुल ने मुखाग्नि दी। अंतिम संस्कार स्थल पर ही अंकित की प्रतिमा बनवाई जाएगी।
सोमवार सुबह हुए हादसे के बाद गांव में फौजी की मौत की सूचना पहुंची तो खलबली मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हसनपुर पहुंच गए। वहां से पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया तो तमाम ग्रामीण पोस्टमार्टम हाउस अमरोहा पहुंचे। फौजी के शव का पोस्टमार्टम के बाद शाम को जब शव गांव पहुंचा तो उनके साथ हजारों लोग उमड़ पड़े।