अमरोहा के देहात क्षेत्र के अलावा रजबपुर, नौगांवा सादात, गजरौला, डिडौली और हसनपुर के ग्रामीण क्षेत्र में इन दिनों तेंदुए को लेकर खौफ बना है। पिछले दिनों तेंदुआ गजरौला के खजूरी गांव में सरकारी स्कूल में पहुंच गया था। जिसकी दहशत से शिक्षकों ने बच्चों के साथ खुद को काफी देर तक कमरे में बंद करके रखा था। इस घटना के बाद से ग्रामीण व बच्चे सहम गए थे। उसके बाद तीन अक्तूबर को नौगांवा सादात में तेंदुए ने बाइक सवार जैकेट कारीगर पर हमला बोल दिया था। हमले में उसका पैर जख्मी हो गया। वहीं, शनिवार रात तेंदुआ नौगांवा में आबादी क्षेत्र में तहसील भवन के पास पहुंच गया था। रात में वहां काम कर रहीं तहसीलदार व अन्य स्टाफ सहम गए थे। जबकि, गार्ड ने गेट बंद कर लिया था।
आधे घंटे बाद तेंदुआ जाते ही तहसील से सभी निकल पाए थे। जबकि, आए दिन सड़कों पर आते जाते वाहन चालकों को तेंदुए का आमना सामना हो जाता है। हालांकि, वन विभाग का दावा है कि जिले में छह जगह पिंजरा लगाया गया है, लेकिन अभी तेंदुआ उसमें नहीं फंस सका है।
पशुशाला में घुसकर तेंदुए ने किया बछड़े का शिकार
बुरावली। रहरा थाना क्षेत्र के गांव पतेई खादर निवासी समाजसेवी रोबिन त्यागी का मैरिज हॉल है। वहीं, पास में ही उनकी पशुशाला भी है। रविवार रात तेंदुआ पशुशाला में अंदर दालिख हो गया। तेंदुए ने खूंटे से बंधे बछड़े को अपना निवाला बना लिया। आहट होने पर पशुशाला में ही सो रहे रोबिन के ताऊ राजाराम त्यागी की आंख खुल गई। उन्होंने पशुशाला में तेंदुए को देखकर शोर मचाते हुए खुद को एक कमरे में बंद कर लिया। शोर सुनकर तेंदुआ भाग गया। रात में ही ग्रामीण एकत्र हो गए। तेंदुए की तलाश की गई। सूचना पाकर वन विभाग के दरोगा पलटराम मौके पर पहुंचे। वन क्षेत्राधिकारी नरेश कुमार ने बताया कि गांव में पिंजरा लगाकर जल्द ही तेंदुए को पकड़वाया जाएगा।
वन विभाग की टीम ने रातभर चलाया सर्च ऑपरेशन
नौगांवा सादात। तहसील के पास तेंदुआ आने के बाद मौके पर पहुंचे वन विभाग के अधिकारियों ने रातभर सर्च ऑपरेशन चलाया। आसपास के इलाकों में गश्त की, लेकिन तेंदुआ कहीं नहीं मिला। शनिवार रात तहसीलदार लकी सिंह, नायब तहसीलदार संजय कुमार और बाबू आदि काम करने के लिए रुके थे। गार्ड मदन सिंह गेट पर बैठा था। रात करीब दस बजे मदन सिंह को सड़क की दूसरी ओर आम के बाग में लाइटों की बीच तेंदुआ आता नजर आया। जिसे देखकर सभी सहम गए और शोर मचा दिया।
- जिले में तेंदुआ लगातार देखा जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्र में सक्रियता अधिक है। जहां-जहां तेंदुआ लगातार दिखाई दे रहा है, वहां विभागीय टीम पूरी तरह अलर्ट रहती है। छह जगह पिंजरा भी लगाया गया है। लोगों को भी सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। ग्रामीण क्षेत्र में किसान अकेले जंगल न जाएं। यदि कहीं पर तेंदुआ दिखाई देता है तो तत्काल इसकी सूचना वन विभाग व पुलिस को अवश्य दें। - एसपी सिंह, डीएफओ।