एंटी करप्शन मुरादाबाद की टीम ने दस हजार रुपये की रिश्वत लेते समय बिजली विभाग के जेई अखिलेश सिंह को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। जेई ने यह रिश्वत किसान से ट्यूबवेल का कनेक्शन देने के बदले मांगी थी। पीड़ित की शिकायत पर मंगलवार को एंटी करप्शन की टीम बिजलीघर पहुंची। जहां अपने ही कार्यालय में घूस लेते समय टीम ने दबोच लिया। टीम ने उसके हाथों के फिंगरप्रिंट लिए। बाद में देहात थाने के सुपुर्द कर दिया। जहां एंटी करप्शन मुरादाबाद के इंस्पेक्टर की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है। आरोपी जेई मूलरूप से देवरिया का रहने वाला है। विभाग में उसकी नियुक्ति 12 अप्रैल 2017 को हुई थी।
मुरादाबाद जनपद के छजलैट थानाक्षेत्र के पोटा गांव निवासी किसान प्रमोद कुमार ने एंटी करप्शन मुरादबाद में बिजली विभाग के जेई अखिलेश सिंह पर रिश्वत मांगने का आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। आरोप था कि प्रमोद कुमार ने अपनी खेती के जमीन में नया सबमर्सिबल कराया है। जहां उन्हें विद्युत कनेक्शन की आवश्यकता है। चूंकि खेत अमरोहा जनपद में पड़ता है इसलिए कोठी खिदमतपुर बिजली पर विद्युत कनेक्शन लेने के प्रार्थना पत्र दिया था। जिसके लिए उन्होंने ऑनलाइन 100 रुपये की रशीद 22 मार्च 2023 को कटवा ली। जबकि 12 मार्च को 62484 रुपये विद्युत विभाग में जमा कर दिए।
इसके बाद किसान प्रमोद कुमार 29 अप्रैल को जेई अखिलेश सिंह से मिला और विभाग में जमा किए कनेक्शन स्टीमेट की रशीद दिखाई। लेकिन जेई अखिलेश सिंह ने यह कहते नजरांदाज कर दिया कि रशीद वाले रुपये तो सभी जमा करते हैं। अगर तुम मुझे 20 हजार रुपये दोगे तो तुम्हारा काम करूंगा। पहले तुम दस हजार रुपये दे दो बाकी रुपये काम होने के बाद दे देना। पीड़ित किसान प्रमोद कुमार की शिकायत पर मंगलवार की दोपहर करीब दो बजे मुरादाबाद की एंटी करप्शन टीम ने कोठी खिदमतपुर बिजली में अपना जाल बिछा दिया। जैसे ही किसान ने जेई अखिलेश सिंह को उसके ही कार्यालय दस हजार रुपये की रिश्वत दी। तभी रिश्वत हाथ में आते ही एंटी करप्शन की टीम ने जेई को मौके पर गिरफ्तार कर लिया।
जेई की गिरफ्तारी देखकर बिजली घर पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। आनन-फानन में एंटी करप्शन की टीम उसे गिरफ्तार कर देहात थाना ले गई। वहीं डीएम बीके त्रिपाठी के निर्देश पर प्रशासनिक अधिकारी भी थाने पहुंचे। यहां दोनों पक्षों से पूछताछ की गई। सीओ सतीश चंद पांडेय ने बताया कि भ्रष्टाचार निवारण इकाई मुरादाबाद टीम की प्रभारी इंस्पेक्टर रश्मि चौधरी की तहरीर पर जेई अखिलेश सिंह के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण कानून के अंतर्गत रिपोर्ट दर्ज की गई है। डीएम बीके त्रिपाठी ने कहा कि पूरे प्रकरण से संबंधित जांच रिपोर्ट तलब की गई है। रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।