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Amroha News: जमीन न मिलने से औद्योगिक गलियारे की थमी रफ्तार

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हसनपुर (अमरोहा)।
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औद्योगिक गलियारे के लिए भूमि अधिग्रहण किया जा रहा है। इसके लिए मंगरौला, रुस्तमपुर और दौलतपुर गांव के किसानों की करीब 2200 बीघा भूमि का अधिग्रहण किया जाना है। अब तक करीब 67 प्रतिशत भूमि का अधिग्रहण किया जा चुका है। रुस्तमपुर और दौलतपुर की 90 प्रतिशत भूमि खरीदी जा चुकी है, जबकि गांव मंगरौला के किसानों में सर्किल रेट को लेकर असंतोष की स्थिति है। जिससे भूमि अधिग्रहण की भी प्रभावित हो रहा है।
मेरठ से प्रयागराज तक बनाए जा रहे गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे गांव मंगरौला में औद्योगिक शहर बसाए जाने की शासन की योजना के अनुसार यूपीडा और अमरोहा जनपद के प्रशासनिक अधिकारी तेजी से काम कर रहे हैं। औद्योगिक गलियारा बनाए जाने के लिए मंगरौला, रुस्तमपुर, दौलतपुर गांव की करीब 2200 बीघा भूमि को चिह्नित किया गया है। इसमें करीब 110 बीघा ग्राम समाज की भी शामिल है। 2200 बीघा भूमि में अब तक 67 प्रतिशत भूमि का अधिग्रहण अधिकारियों द्वारा कर लिया गया। इसमें गांव दौलतपुर और रूस्तमपुर के 90 प्रतिशत किसानों ने अपनी भूमि का बैनामा करा दिया है, हालांकि तहसील के अधिकारी गांव मंगरौला के किसानों से भूमि का बैनामा कराने में पिछड़ रहे हैं।
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किसानों में भूमि के सर्किल रेट को लेकर असंतोष की स्थिति है। गांव मंगरौला निवासी सुधीर कुमार शर्मा, रिंकू गुर्जर आदि किसानों का कहना है कि सामान्य भूमि का सक्रिल रेट 7.35 लाख रुपये प्रति बीघा और सड़क के किनारे भूमि का सक्रिल रेट 14 लाख रुपये के आसपास दिया जा रहा है, जबकि यहां वास्तव में भूमि के रेट बहुत अधिक हैं। ऐसे में सस्ते में भूमि का अधिग्रहण किसी भी हाल में नहीं होने दिया जाएगा।
मंगरौला के ये किसान कर रहे हैं सर्किल रेट बढ़ाने की मांग
- सुधीर शर्मा, रिंकू गुर्जर, चंद्र किशोर, विक्रम सिंह, महीपाल सिंह, राकेश शर्मा, राजीव शर्मा, मनु कुमार, उदयभान सिंह, जयकरन सिंह, इंकबाल सिंह, मुस्तकीम, सद्दीक अहमद, अली मोहम्मद, असरूद्दीन, संदीप कुमार, प्रदीप कुमार, जयपाल सिंह आदि।
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- किसानों से शासन द्वारा निर्धारित सर्किल रेट के अनुसार ही भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है। बीच में सर्किल रेट नहीं बढ़ाया जा सकता। किसानों को समझाने की कोशिश की जा रही है। -सुनीता सिंह, एसडीएम हसनपुर।
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