सितंबर माह की शुरुआत से मौसम में उमस महसूस हो रही थी। बुधवार को भी सुबह के समय उमस परेशान करती रही, लेकिन 11 बजे के बाद मौसम ने करवट बदल ली। आसमान में काले बादल छाने के बाद बारिश शुरू हो गई। उसके बाद तो पूरे जिले में झमाझम बारिश हुई। बारिश से गर्मी से तो राहत मिल गई, लेकिन जलभराव से भारी परेशानी बढ़ गई। शहर के आंबेडकर पार्क, कटरा गुलाम अली, कैलसा बाइपास, बिजनौर मार्ग, बसावन गंज, बटवाल नई बस्ती में भारी जलभराव हो गया। वहीं, आजाद मार्ग और बिजनौर मार्ग पर दो से तीन फीट पानी भर जाने से लोगों को आवागमन में भारी परेशानी झेलनी पड़ी। शाम तक मार्ग पर जलभराव रहा। उधर, बारिश से अधिकतम तापमान छह डिग्री तक गिर गया। मंगलवार को तापमान 34 डिग्री तो बुधवार को 28 डिग्री दर्ज किया गया।
धान की फसल के लिए वरदान है बारिश
एक तरफ जलभराव आबादी वाले क्षेत्रों में लोगों के लिए मुसीबत बन गया है, तो वहीं दूसरी तरफ खेतों में ये बारिश वरदान साबित होगी। जिला कृषि अधिकारी बबलू कुमार ने बताया कि बारिश से धान की फसल में फायदा होगा। वहीं, गन्ने की फसल भले ही गिर गई हो, लेकिन बारिश से भी फायदा पहुंचेगा।
बारिश से सड़कों पर जलभराव
हसनपुर। बुधवार को क्षेत्र में हुई तेज बारिश से सड़कों पर जलभराव की स्थिति बन गई। इससे आवागमन प्रभावित हो गया। लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। उधर, तेज हवा चलने की वजह से कहीं-कहीं पर धान की फसल को नुकसान हुआ है। बारिश से हसनपुर में अतरासी मार्ग पर दो फिट तक पानी सड़क पर भर गया। रहरा बाईपास मार्ग पर मजार के सामने तीन सौ मीटर के दूरी में पानी भरा रहा। रहरा रोड पर व अस्पताल रोड पर जलभराव की समस्या रही। गांव अल्लीपुर खादर में रास्तों पर पानी भर गया। कुछ घरों में भी पानी भर गया। जिससे ग्रामीणों ने बाल्टियों से बाहर निकाला।