अमरोहा। नगर पालिका परिषद अमरोहा के कर्मचारी ने ताइक्वांडो ट्रेनर के बेटे की नौकरी पालिका में लगाने का झांसा देकर 3.15 लाख रुपये हड़प लिए। दो साल से अधिक समय बाद भी नौकरी नहीं लगी। पीड़ित ताइक्वांडो ट्रेनर ने अपने रुपये वापस मांगे तो जान से मारने और झूठे मुकदमे में जेल भिजवाने की धमकी दी। मामले में न्यायालय के आदेश पर आरोपी पिता-पुत्र के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया है।
मूलरूप से मेघालय के शिलांग निवासी अकबरुद्दीन नगर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला मुल्लाना में पत्नी बच्चों के साथ रहते हैं। पेशे से वह ताइक्वांडो ट्रेनर हैं और हाशमी गर्ल्स इंटर कॉलेज में कैंप कर बच्चों को ट्रेनिंग देते हैं। उनका आरोप है कि कुछ दिन पहले उनकी मुलाकात मोहल्ला पीरजादा निवासी नगर पालिकाकर्मी मंजर अली से हुई थी। मंजर अली ने बताया था कि वह पालिका अध्यक्ष और ईओ की गाड़ी चलाता है और दोनों से ही उसके करीबी संबंध है। मंजर अली ने ताइक्वांडो ट्रेनर के बेटे की नौकरी नगर पालिका में लगवाने की बात कही। उसकी बात पर विश्वास कर ताइक्वांडो ट्रेनर अकबरुद्दीन ने मई 2023 को मंजर अली को 3.15 लाख रुपये दे दिए। बाद में दो लाख रुपये और देने की मांग शुरू कर दी।
मंजर अली के मंसूबे भांपकर अकबरुद्दीन ने अपने रुपये वापस करने के लिए दबाव बनाया। आरोप है कि तकाजा करने पर मंजर अली ने अपने बेटे सलीम के साथ मिलकर उन्हें धमकाया और बाद में महिला से संबंधित झूठे मुकदमे में फंसा जेल भिजवाने की धमकी दी। ताइक्वांडो ट्रेनर अकबरुद्दीन का आरोप है कि मंजर अली शहर के सात अन्य लोगों से भी नौकरी के नाम पर तीन-तीन लाख रुपये ले चुका है। पीड़ित ने मामले की शिकायत पुलिस से की तो कोई कार्रवाई नहीं हुई। लिहाजा उन्होंने न्यायालय की शरण ली।
सीओ सिटी अरुण कुमार सिंह ने कोर्ट के आदेश पर नगर पालिका कर्मी मंजर अली व उसके बेटे सलीम के खिलाफ धोखाधड़ी, अमानत में खयानत व धमकी देने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
उधर, पालिका के ईओ डॉ. ब्रजेश कुमार ने बताया कि कर्मचारी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज होने की बात सामने आई हैं। जांच के बाद विभागीय कार्रवाई की जाएगी।