नौगांवा सादात। जिले में तेंदुए की दहशत के चलते डीएम बीके त्रिपाठी की फटकार के बाद वन विभाग के अधिकारियों ने गांव बिलनी पिंजरा लगाया है। 24 घंटे बाद भी तेंदुआ पकड़ में नहीं आया है। लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है। नौगांवा सादात थानाक्षेत्र के गांव बिलनी में मुबस्सिर हुसैन के बेटे अली अब्बास पेशे से किसान हैं। उन्होंने मवेशियों के अलावा पांच बकरी भी पाल रखी थीं। गांव के बाहरी छौर में बिजनौर रोड पर उनका घेर है, जहां मवेशी और बकरी रहते हैं। पशुओं की देखरेख के लिए पशुशाला पर अली अब्बास और उनका नौकर किशनपाल रहते हैं। बृहस्पतिवार की रात भी दोनों पशुशाला परिसर में बने कमरे में सो रहे थे, लेकिन रात में किसी समय तेंदुआ दीवार फांदकर पशुशाला में घुस आया। यहां पांच बकरियों पर हमला कर दिया, जिसमें चार बकरियों की मौके पर मौत हो गई थी।
इससे पहले डिडौली के गांव टिकिया में रहने वाले भूरे सिंह की पशुशाला में घुसकर जंगली जानवर ने 52 भेड़ों को मार डाला था, जबकि 15 को घायल कर दिया था। लगातार दो घटनाओं के बाद डीएम बीके त्रिपाठी ने वन विभाग के अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। इसके बाद वन विभाग के अधिकारियों ने मौके पर जाकर जांच पड़ताल की और बिलनी गांव में उसी स्थान पर पिंजरा लगाया जहां तेंदुए ने चार बकरियों को मार डाला था।