अमरोहा। शहर के मेडिकल स्टोर और गोदाम पर छापेमारी के दौरान पकड़ी गई करीब 70 लाख रुपये की एक्सपायर्ड दवा मिलने के मामले में फर्म की मालकिन के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया गया है। पुलिस ने उसे गिरफ्तार भी कर लिया है। उस पर एक्सपायर्ड दवाओं की तिथि बढ़ाकर बाजार में बेचने का आरोप है। फर्म की मालकिन दवाइयां की खरीदने और बेचने संबंधित बिल भी नहीं दिखा सकी। औषधि अधिकारियों की टीम के साथ पुलिस ने भी अपनी जांच शुरू कर दी है।
बृहस्पतिवार को एडीएम वित्त एवं राजस्व सुरेंद्र सिंह ने औषधि व खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों को साथ लेकर गांधी मूर्ति तिराहे के नजदीक स्थित गोदाम पर छापा मारा था। इसमें लाखों की एक्सपायर्ड दवा बरामद हुई थीं। इस कार्रवाई में अमरोहा के साथ-साथ बिजनौर के औषधि निरीक्षक उमेश भारती व रामपुर जनपद के निरीक्षक मुकेश कुमार भी शामिल रहे। शुक्रवार सुबह सात बजे गोदाम से सीज दवाइयों को कलक्ट्रेट में रखवा दिया गया। इसके बाद शनिवार को टीम ने शहर के पक्का बाग स्थित गर्ग फार्मास्यूटिकल्स के गोदाम पर छापा मारा। यहां भी बड़ी संख्या में एक्सपायर्ड दवाइयां बरामद कीं गईं। औषधि अधिकारियों ने दवाइयों के 12 नमूने जांच के लिए लखनऊ भेजे हैं।
गोदाम से 173 तरह की दवाइयां मिलीं। जिनकी कीमत करीब 70 लाख रुपये आकी गई। विभाग की ओर से मेडिकल स्टोर के लाइसेंस को निलंबित व निरस्त करने की कार्रवाई की गई है। औषधि अधिकारियों ने मौके पर दवाइयां से भरे 17 प्लास्टिक के बोरे और 38 घंटे सील किए थे। इसके बाद रविवार को अमरोहा की औषधि निरीक्षक रुचि बंसल ने नगर कोतवाली में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। औषधि निरीक्षक ने दावा किया की मेडिकल स्टोर का लाइसेंस श्रेय गोयल और गोदाम का लाइसेंस वंदना गोयल के नाम पर है। सीओ सिटी अरुण कुमार सिंह ने बताया कि मामले में गर्ग फार्मास्यूटिकल्स फर्म की मालिक वंदना गोयल के खिलाफ धोखाधड़ी समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने अपनी जांच शुरू कर दी है। वहीं आरोपी वंदना गोयल को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले में पूछताछ की जा रही है।