गजरौला। अमरोहा जिले की नौगावां सादात और मंडी धनौरा तहसील क्षेत्र में फायर स्टेशन बनाए जाएंगे। ताकि क्षेत्र में आग लग जाने पर फौरन काबू पाया जा सके। नौगावां सादात एसडीएम ने बादशाहपुर में श्रीराम किसान इंटर कॉलेज के निकट भूमि तलाश कर दी है, जबकि धनौरा में फायर स्टेशन के लिए भूमि नहीं मिल पाई। जिले में दो और फायर स्टेशन बन जाने पर गजरौला व अमरोहा पर निर्भरता नहीं रहेगी।
1997 में अमरोहा जिला बना। जिले में अमरोहा व गजरौला फायर स्टेशन हैं, जबकि गर्मी के सीजन में आग की बड़ी घटनाएं सामने आती हैं। अमरोहा व गजरौला फायर स्टेशन से गाड़ी भेजी जाती हैं। हालांकि गर्मी के सीजन में फायर ब्रिगेड की गाड़ियां नौगावां सादात, धनौरा व हसनपुर में खड़ी कर दी जाती हैं। स्टाफ तैनात रहता है। जिससे आग की घटना होने पर काबू पाया जा सके।
इसके अलावा किसी खास मौके त्योहार या मेले पर भी दोनों स्टेशन से स्टाफ सहित फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को भेजा जाता है। दोनों स्टेशन पर निर्भरता न रहे, इसके लिए धनौरा व नौगावां सादात तहसील क्षेत्र में फायर स्टेशन बनाए जाएंगे।
नौगावां सादात एसडीएम ने तहसील क्षेत्र के बादशाहपुर में फायर स्टेशन के लिए 48 सौ वर्ग मीटर भूमि तलाश कर ली है। जिसका प्रस्ताव एसडीएम ने डीएम को भेज दिया है, जबकि मंडी धनौरा एसडीएम फायर स्टेशन के लिए भूमि तलाश नहीं कर पाए हैं।
डीएम के माध्यम से भेजा जाएगा शासन को प्रस्ताव
गजरौला। फायर स्टेशन, थाना या पुलिस चौकी का भवन निर्माण के लिए जिलाधिकारी प्रदेश शासन के अनुभाग-8 के सचिव गृह (पुलिस ) को प्रस्ताव बनाकर भेजते हैं। जहां से स्वीकृति मिलने के बाद धनराशि भी मंजूर कर दी जाती है। इसके बाद कार्यदायी संस्था को नामित कर दिया जाता है। जिस पर निर्माण की जिम्मेदारी होती है। डीएम ने नौगावां सादात में भूमि मिल जाने के कारण फायर स्टेशन का प्रस्ताव सचिव गृह (पुलिस) को भेज दिया है। जहां से मंजूरी का इंतजार है। संवाद
फायर स्टेशन पर ये स्टाफ होता है तैनात
गजरौला। फायर स्टेशन पर एक फायर ब्रिगेड अधिकारी, दो द्वितीय फायर ब्रिगेड अधिकारी, चार चालक, चार लीडिंग फायर मैन, 21 फायर मैन, एक सफाई कर्मचारी तैनात किए जाते हैं। संसाधन के रूप में आग बुझाने की दो बड़ी गाड़ी व दो कार मुहैया कराई जाती हैं। पर्याप्त संसाधन और जरूरत के मुताबिक स्टाफ होने के कारण जहां आग की घटना पर काबू पाने में आसानी रहती है। संवाद
फायर स्टेशन के लिए नहीं मिल पा रही भूमि
मंडी धनौरा। अनुकूल भूमि नहीं मिलने की वजह से धनौरा क्षेत्र में फायर स्टेेशन की स्थापना नहीं हो पा रही है। उपजिलाधिकारी से 4148 वर्ग मीटर निशुल्क भूमि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था। राजस्व विभाग की ओर से क्षेत्र के गांव ततारपुर गर्बी व देहरा चक में अग्मिशमन केंद्र की स्थापना के लिए भूमि चयनित की गई थी। लेकिन ततारपुर गर्बी व देहरा चक की दूूरी तहसील मुख्यालय से अधिक होने के कारण मुख्य अग्निशमन अधिकारी इसे फायर स्टेशन बनाने के लिए उपयुक्त नहीं मान रहे हैं। संवाद