बाल कल्याण समिति की चेतावनी के बाद भी परिजनों ने नाबालिग बेटी की शादी करा दी। करीब डेढ़ माह पहले ही बाल कल्याण समिति ने सूचना पर नाबालिग की शादी रुकवाई थी। लेकिन, इसके बाद परिजनों ने उसकी शादी कर दी। जानकारी होने पर मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
मामला आदमपुर थाना क्षेत्र के एक गांव का है। जुलाई के पहले सप्ताह में क्षेत्र के गांव में नाबालिग लड़की की शादी कराई जा रही थी। बरात भी गांव में आ गई थी। गांव के ही एक युवक ने पुलिस और बाल कल्याण समिति के अधिकारियों को मामले की जानकारी दी थी। बाल कल्याण समिति की टीम ने गांव पहुंचकर नाबालिग की शादी रुकवा दी थी। समिति की टीम लड़की को साथ ले गई थी। 11 जुलाई को समिति की टीम ने लड़की को उसके परिजनों के सुपुर्दगी में दे दिया था और चेतावनी दी गई थी कि जब तक बालिग न हो जाए, शादी न कराए।
आरोप है कि लड़की के परिजनों ने पुलिस को सूचना देने वाले युवक के खिलाफ बेटी के फोटो वायरल करने और छेड़खानी करने के मामले में रिपोर्ट दर्ज करवाते हुए जेल भिजवा दिया था और 13 जुलाई को नाबालिग की शादी कर दी थी। सीओ दीप कुमार पंत का कहना है कि बाल कल्याण समिति के सदस्य की तहरीर पर मामले में माता-पिता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें जो भी दोषी है। सभी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।