बुखार से पीड़ित किसान की इलाज के दौरान मौत गई। परिजनों ने झोलाछाप पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगा हंगामा किया। वहीं, हंगामा होते देख झोलाछाप दुकान बंद कर भाग गया। बिना किसी कानूनी कार्रवाई के ही शव का अंतिम संस्कार करने की तैयारी की जा रही है।
क्षेत्र के गांव भैंसरी निवासी किसान मुस्ताक (65) को कई दिनों से बुखार आ रहा था। परिजन मंगलवार सुबह गांव खैलिया पट्टी स्थित एक झोलाछाप के किसान को इलाज कराने के लिए ले गए थे। झोलाछाप ने ड्रिप लगनी शुरू कर दी। इस दौरान किसान की हलात बिगड़ गई और कुछ ही देर में किसान की मौत हो गई। परिजनों ने झोलाछाप पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगा हंगामा किया। हंगामा होता देख झोलाछाप अस्पताल पर ताला लगाकर भाग गया। इसके बाद परिजन बिना किसी कानूनी कार्रवाई के ही शव का अंतिम संस्कार किए जाने की तैयारी की जा रही है। मृतक ने अपने पीछे पांच बच्चे छोड़े हैं। नोडल अधिकारी डॉ.शरद कुमार का कहना है कि मामला जानकारी में नहीं है। जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।