हसनपुर (अमरोहा)। तहसील में तैनात दो राजस्व निरीक्षकों की मौत हो गई। राजस्व निरीक्षक हरपाल सिंह (57) का शव उनके बंद मकान में मिला। आशंका जताई जा रही है कि उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई। उनका पोस्टमार्टम कराया गया है। उधर, 58 वर्षीय राजस्व निरीक्षक देशराज सिंह की हार्ट अटैक आने से मौत हो गई। वह हार्ट की बीमारी से ग्रस्त थे। दोनों के परिवारों में शोक की लहर दौड़ गई है।
मूल रूप से ठाकुरद्वारा निवासी हरपाल सिंह हसनपुर तहसील में राजस्व निरीक्षक के पद पर तैनात थे। वर्तमान में उनकी ड्यूटी ढबारसी सर्किल पर चल रही थी। दो बेटे व एक बेटी और पत्नी मुरादाबाद स्थित मकान में रहते थे जबकि वह हसनपुर के राजपूत कॉलोनी में स्थित अपने मकान में रहते थे। कभी-कभी मुरादाबाद भी चले जाया करते थे। बताते हैं कि हसनपुर में शाम के वक्त वह रोजाना अपने साथियों के साथ टहलने के लिए जाते थे लेकिन शुक्रवार की शाम को वह टहलने नहीं गए। उनके साथियों ने मोबाइल पर संपर्क किया लेकिन फोन रिसीव नहीं हो पाया। शक होने पर साथी घर पहुंचे और दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया लेकिन दरवाजा अंदर से बंद था। जिसकी सूचना पुलिस को दी गई। किसी तरह से दरवाजा खोलकर अंदर देखा तो हरपाल सिंह फर्श पर मृत अवस्था में पड़े हुए थे। उनकी नाक से खून भी निकला हुआ था। माना यह भी जा रहा है कि हार्ट अटैक या ब्रेन हेमरेज की वजह से मृत्यु हुई है। हालांकि मौत का कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ही स्पष्ट हो पाएगा। सीओ दीप कुमार पंत का कहना है कि राजस्व निरीक्षक की मौत हुई है। प्रथम दृष्ट्तया मामला हार्ट अटैक का ही लग रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में साफ हो जाएगा। उधर, जनपद के गांव यकबगड़ी निवासी 58 वर्षीय देशराज सिंह भी हसनपुर तहसील में राजस्व निरीक्षक के पद पर तैनात थे। उनका परिवार अमरोहा में रहता है। बताते हैं कि पिछले एक माह से वह बीमार चल रहे थे। उन्हें हार्ट की परेशानी थी। उपचार के दौरान अमरोहा के निजी अस्पताल में शनिवार दोपहर को उनकी मौत हो गई। चिकित्सकों ने मौत का कारण हार्ट अटैक की माना है। उन्होंने अपने पीछे चार बच्चे छोड़े हैं। साथी तहसील कर्मचारियों व अधिकारियों ने घर पहुंचकर शोक जताया है।