इधर, ग्रामीण गोताखोर देर शाम तक किशोरों की तलाश जुटे हुए थे। थाना क्षेत्र के गांव सुजमना में बबली त्यागी का ईंट भट्ठा है। भट्ठे पर हसनपुर तहसील के गांव बुरावली निवासी जगत सिंह और जिला संभल के बबराला निवासी जीवन मजदूरी करते हैं।
दोनों के परिवार भी साथ ही रहकर मजदूरी में हाथ बंटाते हैं। मंगलवार सुबह 11 बजे जगत सिंह का 12 साल का बेटा नितिन और जीवन का 13 साल का बेटा विकास, पौरारा निवासी पप्पी समेत छह बच्चे सुलतानपुर गांव के पास बह रही बाहे नदी में नहाने गए थे।
नहाने के दौरान तीनों अचानक गहरे पानी में चले गए। नदी के बहाव की वजह से वे स्वयं को संभाल नहीं पाए। देखते देखते तीनों डूबने लगे। कुछ ग्रामीणों ने दोनों को डूबते देखा तो शोर मचाया। ग्रामीण गोताखोरों ने पप्पी को बचा लिया, मगर नितिन और विकास को पकड़ने में कामयाबी नहीं पाई। शाम तक दोनों की तलाश जारी थी।
बछरायूं थाना पुलिस भी किशोरों के डूबने की सूचना पर गांव में पहुंच गई। नदी के बहाव में जाल भी डलवाया गया है। खबर लिखे जाने तक दोनों में से किसी किशोर का शव नहीं मिला है। पास ही पैंटून पुल होने के कारण बहाव तेज होने से दोनों के बहकर दूर निकलने की आशंका जताई जा रही है।