अमरोहा में रविवार की सुबह घर से सामान लेने जोया रोड पर जा रहे चचेरे-तहेरे भाई की स्कूटी डिवाइडर से टकरा गई। हादसे में 15 वर्षीय अबूजर की मौत हो गई। जबकि उसका चचेरा भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। निजी अस्पताल में उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच-पड़ताल की। परिजन बिना पुलिस कार्रवाई के शव को घर ले गए और सुपुर्द-ए- खाक कर दिया।
मूलरूप से डिडौली कोतवाली क्षेत्र के श्योनाली गांव निवासी मोहम्मद फरहत मदरसे में हाफिज हैं। उनके परिवार में पत्नी नगमा के अलावा तीन बच्चे हैं। उनका बेटा मोहम्मद अबूजर संभल चौराहे पर मदरसे में पढ़ता था। परिवार में ईद की खुशियां मनाई जा रही थी। मेहमानों का आना-जाना लगा हुआ था। पुलिस के मुताबिक मोहम्मद अबूजर अपने चचेरे भाई मोहम्मद नोमान (14) के साथ रविवार की सुबह करीब सात बजे बाइक पर सवार होकर जोया रोड से सामान लेने गया था। स्कूटी नोमान चला रहा था। दोनों ने हेलमेट भी नहीं लगा रखा था।
जैसे ही स्कूटी कलक्ट्रेट के सामने पहुंची तभी अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। पीछे बैठा मोहम्मद अबूजर उछलकर दूर जा गिरा और उसका सिर बिजली के खंभे से टकरा गया। हादसे में मोहम्मद अबूजर की मौके पर मौत हो गई। जबकि नोमान गंभीर रूप से घायल हो गया। थोड़ी देर में परिजनों और स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही सीओ सतीश चंद पांडेय और देहात थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह पुंडीर मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने घायल नोमान को जोया रोड स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जबकि मोहम्मद अबूजर के शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए पंचनामा की कार्रवाई शुरू कर दी। लेकिन यहां मौजूद परिजनों ने कानूनी कार्रवाई करने से इनकार कर दिया।
मौके की नजाकत को समझते हुए पुलिस ने शव का पंचनामा भरने के बाद बिना कानूनी कार्रवाई के शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। इंस्पेक्टर ने बताया कि दोनों बच्चे नाबालिग है। उन्होंने हेलमेट भी नहीं लगाया हुआ था। जांच करने पर सामने आया कि स्कूटी तेज रफ्तार में थी जिस कारण हादसा हुआ।