बाजार शुकुल (अमेठी)। जिले के बाजार शुकुल में एक चौंकाने वाली घटना प्रकाश में आई है। घर में घुसकर सरेशाम किशोरी को छत पर जिंदा जला दिया गया। अस्पताल में उसकी मौत हो गई। मृतका के पिता ने छेड़खानी से तंग आकर आरोपियों पर वारदात को अंजाम देने का आरोप लगाया। हालांकि पुलिस इस मामले में कारण अभी स्पष्ट न होने की बात कह रही है।
बुधवार की देर शाम बाजार शुकुल थाना क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति का आरोप है कि वह घर के करीब स्थित बैंक गए थे। तभी उसके भतीजे ने उन्हें घर में आग लगने की सूचना दी। वह तुरंत घर पहुंचे तो देखा कि छत पर उनकी 16 वर्षीय पुत्री आग से जल रही है।
आनन-फानन में परिजन उसे लेकर सीएचसी बाजार शुकुल पहुंचे। जहां डाॅक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पिता ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि जब उनकी पुत्री आग से जल रही थी तो उन्होंने 7-8 लोगों को छत से कूदकर भागते हुए देखा।
मृतका के पिता का कहना है कि उसकी बेटी को कुछ लोग स्कूल जाते समय परेशान करते थे, इस वजह से घटना को अंजाम दिया गया है। आरोप लगाया कि पुलिस से कई बार मौखिक शिकायत की गई लेकिन, समझा बुझाकर मामला शांत करा दिया जाता था।
एसओ अवनीश चौहान ने बताया कि पिता की तहरीर पर धनेशा राजपूत गांव के प्रधान रामबहादुर यादव, फैजान निवासी लुहागी का पुरवा दक्खिनगांव, प्रिंस पाल निवासी कस्बा बाजार शुकुल, जावेद अहमद निवासी रहमतगढ़, व गुरफान निवासी लुहागी का पुरवा दक्खिनगांव के साथ ही तीन अज्ञात के विरुद्ध हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसपी डॉ. इलामारन जी का कहना है कि छेड़खानी का आरोप निराधार है। उसने कभी भी कोई लिखित शिकायत नहीं की है। बताया मामले की जांच की जा रही है।