जगदीशपुर/बाजारशुकुल (अमेठी)। जमीन के विवाद में मौत के घाट उतारे गए कोटेदार के शव का देर रात परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। परिजनों ने घटना में तीन अन्य लोगों के नाम शामिल करने की मांग करते हुए अंतिम संस्कार रोका हुआ था लेकिन पुलिस के आश्वासन पर वे मान गए। पुलिस ने इस मामले में दंपती को गिरफ्तार किया है।
जगदीशपुर थाना क्षेत्र के मड़वा गांव निवासी कोटेदार राजाराम कोरी की बाजारशुकुल थाना क्षेत्र के बिराहिम बाजगढ़ गांव में सात अक्तूबर को भूमि पर कब्जेदारी को लेकर पिटाई कर दी गई थी। मामले में पुलिस ने कोटेदार के बेटे की तहरीर पर बिराहिम बाजगढ़ निवासी रामकृपाल, पत्नी रीता व दो बेटों संतोष, सूरज के खिलाफ केस दर्ज किया था। उपचार के दौरान मंगलवार रात कोटेदार की लखनऊ में मौत हो गई थी।
बुधवार देर शाम शव गांव पहुंचा तो परिजन पहले आरोपियों की गिरफ्तारी कर उनके घर पर बुलडोजर चलवाने की मांग पर अड़ गए और शव का अंतिम संस्कार रोक दिया था। काफी देर मानमव्वौल के बाद परिजनों मामले में तीन अन्य लोगों के नाम शामिल करने की बात पर माने।
बृहस्पतिवार को पुलिस ने इस मामले में नामजद रामकृपाल व उसकी पत्नी रीता को गिरफ्तार कर लिया है। रामकृपाल की निशानेदही पर घटना में प्रयुक्त लाठी भी बरामद की गई है। एसओ दयाशंकर मिश्र ने बताया कि मृतक के पुत्र की ओर अन्य आरोपियों के नाम बढ़ाने के लिए तहरीर दी है।