गोंडा। समय से पहले आगामी लोकसभा चुनाव की तैयारी पूरी करने के लिए अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई। सीडीओ एम. अरुन्मोली को मैनपावर के साथ ही प्रशिक्षण की जिम्मेदारी दी गई। डीआईओएस को नए वोटर बढ़ाने का भार सौंपा गया। जबकि एडीएम स्तर से चुनाव के दौरान भ्रम फैलाने वालों पर पैनी नजर रखी जाएगी। एफआईआर के लिए निर्देश दिया गया है। जिला निर्वाचन अधिकारी डीएम नेहा शर्मा ने कहा कि लोकसभा चुनाव में सभी अधिकारी अपनी-अपनी जिम्मेदारी संभालेंगे। वहीं एसडीएम स्तर से पोलिंग बूथों पर पीने का पानी, वॉशरूम, छाया और बिजली समेत अन्य समुचित इंतजाम किए जाएंगे। चुनाव को लेकर कुल 16 नोडल अधिकारी नामित किए गए हैं। डीआईओएस राकेश कुमार को शत-प्रतिशत मतदान के लिए युवाओं को जोड़ने के लिए निर्देश दिए हैं।
मतदाता पुनरीक्षण अभियान में प्रशासनिक अमला उतरा था। बावजूद इसके अर्हता तिथि एक जनवरी 2024 के आधार पर 18 से 19 आयुवर्ग के सापेक्ष 1.83 लाख के सापेक्ष महज 0.98 प्रतिशत 24,466 मतदाताओं को नाम जोड़ा जा सका है। वोटरलिस्ट में नाम न होने से पहली बार मतदान की अर्हता रखने वाले युवा मतदाताओं को झटका लग सकता है। डीएम के आदेश के मुताबकि, डीआईओएस ऑनलाइन वोटर हेल्पलाइन एप के माध्यम से युवाओं का वोट जुड़वाने के लिए योजनाबद्ध तरीके से काम करेंगे।
सोशल मीडिया पर रखी जाए पैनी नजर
जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि चुनाव के दौरान खासकर सोशल मीडिया पर पैनी नजर रखी जाए। किसी भी भ्रम की स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जाए। कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी एडीएम की होगी। भ्रामक व झूठ की स्थिति में संबंधित के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जेल भेजा जाएगा। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विशेष नजर रखी जाएगी।
अधिकारी समय से पहले पूरी करें चुनाव तैयारी
डीईओ नेहा शर्मा ने कहा कि चुनाव से पहले सभी नोडल अधिकारी निर्वाचन आयोग के अनुसार व्यवस्था दुरुस्त कर ली जाए। शांति-सुरक्षा व्यवस्था, मतदान कार्मिकों का प्रशिक्षण, पोलिंग पार्टियों का रूट चार्ट, कम्यूनिकेशन प्लान, सामान का रेट चार्ट, टेंट, वेरिकेटिंग, जलपान और भोजन की व्यवस्थाओं के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी होगी। नियंत्रण कक्ष, शिकायत निवारण प्रकोष्ठ, मीडिया सेंटर, डाक मतपत्र प्रेषण, लेखन सामग्री, प्रपत्र, हेल्थ किट और वोटर स्लिप समेत व्यवस्थाएं दुरुस्त की जाए।