अमेठी सिटी। चिलचिलाती धूप के बीच जिले में बिजली आपूर्ति व्यवस्था लड़खड़ाने लगी है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक अघोषित कटौती और बार-बार ट्रिपिंग से परेशानी बढ़ गई है। गर्मी में बिजली की आंख मिचौली मुसीबत को बढ़ा रही है। इससे लोगों में आक्रोश है।
जिला मुख्यालय पर 24 घंटे बिजली आपूर्ति का रोस्टर लागू है। फिर भी प्रतिदिन पांच से छह घंटे की अघोषित कटौती हो रही है। रात में दो से तीन घंटे की इमरजेंसी रोस्टिंग की जा रही है। इसके अलावा दिन में ओवरलोड और लोकल फाल्ट के कारण कई बार आपूर्ति बाधित होती है। इससे लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो रही है। कारोबार पर भी इसका असर पड़ रहा है। उधर, ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे की आपूर्ति का रोस्टर है लेकिन कभी भी तय रोस्टर के हिसाब से बिजली आपूर्ति नहीं हो पाती।
132 केवी उपकेंद्र गौरीगंज के अवर अभियंता पवन यादव ने बताया कि कंट्रोल रूम के निर्देश पर रात में रोस्टिंग की जा रही है। ओवरलोड और तकनीकी कारणों से भी कभी-कभी बिजली आपूर्ति प्रभावित होती है।
रात में कटौती उड़ा रही नींद : अमेठी। तहसील मुख्यालय और आसपास के क्षेत्रों में शनिवार रात 8:30 बजे गई बिजली रात 10:40 बजे आई। इसके बाद 11:40 बजे फिर आपूर्ति बाधित हो गई। लोग बिजली आने का इंतजार करते रहे। इसके बाद देर रात दो बजे बिजली आई। शुक्रवार रात भी करीब छह घंटे की कटौती रही।