अमेठी के एचएलएल पावर हाउस की मुख्य लाइन से सटे पेड़ की छंटाई करता ऊर्जा निगम कर्मी। स्रोत- संवा
अमेठी सिटी। रात में चार से छह घंटे तक बिजली गुल रहने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बिजली न होने से इन्वर्टर जवाब दे गए और मोबाइल व ई-रिक्शा चार्ज नहीं हो सके। पेयजल आपूर्ति प्रभावित होने से घरेलू जरूरत के लिए पानी जुटाने में भी दिक्कत हुई। दिन में पेड़ों की कटाई-छंटाई और स्थानीय फाल्ट के कारण भी कई इलाकों में चार से पांच घंटे आपूर्ति बाधित रही।
तिलोई और जगदीशपुर वितरण खंड के कई उपकेंद्रों पर रात और दिन मिलाकर छह से आठ घंटे तक कटौती हुई। शुकुलपुर उपकेंद्र की आपूर्ति रविवार शाम 6:30 से रात 8:40 बजे तक बाधित रही। बताया गया कि मुख्य आपूर्ति बंद होने के कारण ऐसा हुआ। सोमवार सुबह 11:30 से दोपहर 12:30 बजे तक पेड़ों की कटाई-छंटाई के कारण भी आपूर्ति बंद रही।
पीठीपुर पावर हाउस से रविवार शाम 6:40 से रात 8:40 बजे तक बिजली गुल रही। इसके बाद रात 9:50 से 11 बजे तक भी आपूर्ति बाधित रही। भादर उपकेंद्र से रविवार शाम से आधी रात तक दो बार में करीब चार घंटे बिजली गुल रही। सोमवार सुबह भी दो घंटे आपूर्ति ठप रही।
सेमरौता उपकेंद्र से रविवार दोपहर 12 बजे से रात नौ बजे तक आपूर्ति बाधित रही। रात 9:42 से 11 बजे तक भी बिजली गुल रही। सोमवार सुबह चार बार ट्रिपिंग हुई, जिससे करीब ढाई घंटे कटौती हुई। लो वोल्टेज के कारण बिजली उपकरण भी ठीक से काम नहीं कर सके।
पेयजल आपूर्ति पर असर
लंबे समय तक बिजली गुल रहने से कई इलाकों में पेयजल आपूर्ति प्रभावित हुई। घरेलू कामकाज भी प्रभावित रहा। दुकानों और छोटे कारोबार में भी बिजली कटौती के कारण कामकाज प्रभावित हुआ। रात में बिजली न रहने से बच्चों और बुजुर्गों को भी परेशानी उठानी पड़ी।