जिला अस्पताल स्थित ओपीडी कक्ष में मरीज का इलाज करते डॉक्टर। -संवाद
अमेठी सिटी। रातभर मोबाइल स्क्रीन की चमक में डूबे रहने की आदत अब युवाओं की सेहत पर भारी पड़ने लगी है। बदलती जीवनशैली, घटती नींद और बढ़ते तनाव ने कम उम्र में ही हाइपरटेंशन यानी हाई ब्लड प्रेशर के मामलों में तेजी ला दी है। जिला चिकित्सालय की ओपीडी में रोज ऐसे 30-50 मरीज पहुंच रहे हैं, जिन्हें अनिद्रा, सिर दर्द, घबराहट और बेचैनी की शिकायत है।
सीएमएस डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल के अनुसार देर रात तक मोबाइल और लैपटॉप के इस्तेमाल से शरीर की प्राकृतिक स्थिति बिगड़ रही है। लगातार स्क्रीन देखने से दिमाग सक्रिय बना रहता है, जिससे नींद पूरी नहीं हो पाती। इसका सीधे रक्तचाप पर पड़ रहा है। मनोरोग विशेषज्ञ डॉ. बीवी सिंह ने बताया कि पहले हाई ब्लड प्रेशर को उम्रदराज लोगों की बीमारी माना जाता था, मगर अब युवा चपेट में आ रहे हैं।
देर रात तक सोशल मीडिया, गेमिंग और वीडियो देखने की आदत मानसिक तनाव बढ़ा रही है। लगातार थकान, चिड़चिड़ापन, घबराहट और ध्यान केंद्रित न कर पाना इसके शुरुआती संकेत हैं। विशेषज्ञों के अनुसार लंबे समय तक तनाव और नींद की कमी बनी रहने पर हृदय रोग, स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। (संवाद)