गौरीगंज (अमेठी)। बीमार छात्रा से छेड़खानी के आरोपी को बचाने की कोशिश करना आवासीय कॉलेज के प्रभारी प्रधानाचार्य व प्रवक्ता पद पर तैनात शिक्षक को भारी पड़ा। मामले की जांच के बाद डीएम ने सख्ती दिखाते हुए शिक्षक की सेवा समाप्त कर बर्खास्त करने की कार्रवाई की।
शहर के असैदापुर स्थित पं. दीनदयाल उपाध्याय आश्रम पद्धति राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (आवासीय) में 29 अगस्त की शाम दो छात्राएं बीमार हो गयी थी। इसकी जानकारी के बाद प्रभारी प्रधानाचार्य मंजूलता सिंह के अवकाश पर होने के कारण उनका कार्यभार संभाल रहे हिंदी प्रवक्ता डॉ. लालजी सिंह ने दोनों बच्च्यिों को संयुक्त जिला अस्पताल भिजवाने का निर्देश दिया।
कक्षा छह की बीमार छात्रा को कॉलेज में तैनात पीआरडी जवान रामबहादुर व कक्षा 10 की छात्रा को आउट सोर्सिंग से रसोइया के रूप में तैनात विक्रम साइकिल से लेकर अस्पताल गया था। अस्पताल से वापस आने पर छात्रा ने आउटसोर्सिंग कर्मी विक्रम के द्वारा रास्ते में छेड़खानी करने की बात अपनी साथी छात्राओं व शिक्षक को बतायी। इसके बावजूद दो दिन तक पूरे मामले को दबाए रखा गया। सुनवाई न होने पर छात्राओं ने बुधवार को कॉलेज परिसर में आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर धरना शुरू कर दिया। इससे हड़कंप मच गया।
आनन फानन में छात्राओं की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कराने के बाद डीएम राकेश कुमार मिश्र ने मामले की प्रशासनिक जांच के लिए बीएसए संगीता सिंह के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम भी गठित कर दी। जांच टीम ने बीती देर रात अपनी जांच रिपोर्ट डीएम को सौंपी। इसके आधार पर डीएम ने पूरे मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में प्रवक्ता पद पर तैनात प्रभारी प्रधानाचार्य की संविदा सेवा समाप्त कर दी। सेवा समाप्त किए जाने की कार्रवाई की जानकारी निदेशक समाज कल्याण, सीडीओ अमेठी व उप निदेशक समाज कल्याण मंडल अयोध्या के अलावा शिक्षक को भी भेज दी गई है।
मामला हाईलाइट होने के बाद पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी आउट सोर्सिंग कर्मी विक्रम को बुधवार को ही कॉलेज से गिरफ्तार कर लिया था। एसपी डॉ. इलामारन जी. ने बताया कि छेड़खानी की शिकार बच्ची का बृहस्पतिवार को पहले पुलिस व बाद में मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान भी दर्ज काया गया। एसपी ने बताया कि आरोपी विक्रम का चालान गुरुवार को न्यायालय भेजने के बाद घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच भी की जा रही है।
पं. दीनदयाल उपाध्याय आश्रम पद्धति राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (आवासीय) में बुधवार को छात्रा से बीमारी के दौरान हुई छेड़छाड़ के बाद स्वास्थ्य विभाग भी अपनी जिम्मेदारी को लेकर चेता है। सीएमओ डॉ. विलेंदु शेखर के निर्देश पर जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने जिला अस्पताल से चिकित्सकों व पैरा मेडिकल स्टॉफ की टीम स्कूल भेजकर छात्राओं का स्वास्थ्य परीक्षण कराया।
बताया कि स्कूल में मौजूद कुल 124 छात्राओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। परीक्षण के दौरान दस छात्राएं हल्की खांसी, जुखाम व बुखार से, 34 छात्राएं सिर दर्द से पीड़ित पाई गईं। वहीं छह छात्राओं को नेत्र संबंधी तो 26 मुहांसे से ग्रसित पाई गईं। किसी को कोई गंभीर बीमारी नहीं थी।