अमेठी में गणेण प्रतिमा विसर्जन यात्रा में शामिल श्रद्धालु। स्रोत : आयोजक
अमेठी। गाजे-बाजे की धुन, उड़ते गुलाल और गणपति बप्पा के जयकारों के बीच शनिवार को गणेश प्रतिमाओं की विसर्जन यात्रा निकली। अमेठी शहर से लेकर ठेंगहा स्थित मालती नदी के रामघाट तक भक्तिमय माहौल रहा। श्रद्धालु नाचते-गाते और जयकारे लगाते हुए प्रतिमाओं के साथ घाट पर पहुंचे। देर रात तक रामघाट पर करीब 22 गणेश प्रतिमाओं का विधि-विधान से विसर्जन किया गया।
अमेठी शहर के अलावा प्रतापगढ़ जिले के अंतू क्षेत्र से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु गणेश प्रतिमाएं लेकर रामघाट पहुंचे। घाट पर भक्तों ने गणेशजी की आरती उतारी और प्रसाद वितरित किया। इसके बाद नम आंखों से प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। विसर्जन से पहले श्रद्धालुओं ने प्रतिमाओं के साथ सेल्फी भी ली।
विसर्जन यात्रा के रास्ते में जगह-जगह समाजसेवियों ने पानी और प्रसाद की व्यवस्था की। इससे श्रद्धालुओं को राहत मिली। शहर में कोतवाली के पास लगातार चौथे वर्ष गणेश प्रतिमा स्थापित की गई थी। समिति से जुड़े शिवम अग्रहरि ने बताया कि शुक्रवार रात आरती के बाद प्रतिमा को विसर्जन के लिए ले जाया गया। यात्रा में शिवा, मनन, आदित्य, सुंदरम, शाहिल और पीयूष समेत बड़ी संख्या में युवा शामिल रहे। रामघाट सेवा समिति के संरक्षक आशुतोष मिश्र ने बताया कि देर रात तक विसर्जन का क्रम चलता रहा। रामघाट पर करीब 22 गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।