अमेठी सिटी। मामूली विवाद में दो पक्षों में हुई मारपीट में घायल युवक की सोमवार को उपचार के दौरान लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर में मौत हो गई। युवक की मौत के बाद आक्रोशित परिजनों ने शव लाने के बाद टांडा-बांदा हाईवे पर बाबूगंज के पास जाम लगा दिया। हाईवे जाम होने की सूचना पर पहुंचे एसडीएम व सीओ ने परिजनों को समझा-बुझाकर जाम समाप्त करवाया।
गौरीगंज थाना क्षेत्र के पूरे सूबेदार मजरे ऐंधी गांव निवासी जीशान उर्फ अफसान व गूजर टोला निवासी अंकित के बीच किसी बात को लेकर 29 अगस्त को विवाद हो गया था। विवाद के दौरान हुई मारपीट में दोनों घायल हो गए थे। गंभीर रूप से घायल जीशान को लखनऊ के ट्रॉमा सेंटर भेजा गया था जहां उपचार के दौरान सोमवार को उसकी मौत हो गई।
मामले में जीशान के पिता की तहरीर पर पुलिस ने तीन नामजद सहित सात-आठ अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया था। जीशान की मौत के बाद परिजन शव गांव लाए। आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों ने टांडा-बांदा हाईवे जाम कर प्रदर्शन करना शुरू कर दिया।
मृतक के पिता का आरोप है कि उसके बेटे की पिटाई के बाद उसको गाड़ी से रौंद दिया गया। परिवार की महिलाओं ने भी यही आरोप लगाए हैं। हालांकि दर्ज कराए गए मुकदमे में गाड़ी चढ़ाने का जिक्र नहीं किया गया है। हाईवे जाम होने की सूचना पर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। फौरन गौरीगंज पुलिस मौके पर पहुंची।
लोगों के आक्रोश को देखते हुए कई थानों की पुलिस बुलाई गई। साथ ही एसडीएम गौरीगंज दिग्विजय सिंह व सीओ अखिलेश वर्मा मौके पर पहुंचे। परिजन हत्या का मामला दर्ज करने व आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग पर अड़े रहे।
एसडीएम व सीओ ने परिजनों व ग्रामीणों को कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया तब वे शांत हुए। एसएचओ श्याम नारायण पांडेय ने बताया कि गांव में शांति कायम है। एहतियातन पुलिस को तैनात किया गया है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की जाएगी।
इकलौता पुत्र था जीशान
जीशान बहनों में इकलौता भाई था। उसकी मौत से मां कमरुनिशां का रो-रोकर बुरा हाल है। बहनें फरहीन, चांदनी, खुशबू व शुबी भाई को खोने से गमगीन हैं। मां व बहन की करुण वेदना से हर किसी की आंखें नम हैं। बेटे की मौत से पिता बेसुध पड़े हैं। रिश्तेदार व ग्रामीण परिजनों को संभालने में जुटे हैं।