अमेठी सिटी। तिलोई के गोबरे स्थित 300 करोड़ से 550 बेड के निर्माणाधीन स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में जल्द ही मरीजों को आधुनिक सुविधाएं मिलनी शुरू हो जाएंगी। 31 जनवरी तक 300 बेड अस्पताल व 50 बेड का क्रिटिकल केयर ब्लॉक हैंडओवर हो जाएगा।
महाविद्यालय में एमबीबीएस पाठ्यक्रम में 100 सीटें स्वीकृत हैं। पैरामेडिकल में 11 डिप्लोमा पाठ्यक्रम संचालित हैं, जिनमें 230 सीटें हैं। इन पाठ्यक्रमों में एनेस्थीसिया, क्रिटिकल केयर, ट्रॉमा केयर, लैब टेक्नीशियन, ऑपरेशन थियेटर, एक्सरे तकनीक आदि विषय शामिल हैं। वहीं अब आगामी शैक्षणिक सत्र 2026-27 से बीएससी नर्सिंग पाठ्यक्रम में 60 सीटें प्रारंभ करने की तैयारी चल रही है। पोस्ट ग्रेजुएट स्तर पर डीएनबी पाठ्यक्रमों में प्रसूति एवं स्त्री रोग, बाल रोग, एनेस्थीसिया और मेडिसिन विषय स्वीकृत हैं। वहीं अन्य विषयों का निरीक्षण पूरा हो चुका है और अंतिम निर्णय का इंतजार है।
इस समय मेडिकल कॉलेज से संबद्ध 200 बेड का रेफरल अस्पताल संचालित है। यहां पर ओपीडी और इनडोर सेवाएं नियमित रूप से संचालित हैं। मेडिसिन, सर्जरी, स्त्री रोग, बाल रोग, ऑर्थोपेडिक्स, ईएनटी, त्वचा रोग समेत विभिन्न विभागों में प्रतिदिन एक हजार से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। इमरजेंसी में 10 बेड पर संचालित हैं, जो नए भवन के शुरू होने पर 30 बेड की हो जाएंगी। अस्पताल में सात मेजर और पांच माइनर ऑपरेशन थियेटर, 20 बेड का आईसीयू, एनआईसीयू, सीटी स्कैन, एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, पैथोलॉजी लैब, ब्लड स्टोरेज, फार्मेसी, ईसीजी और ईको जैसी सुविधाएं चौबीसों घंटे उपलब्ध हैं।
कॉलेज प्राचार्य डॉ. रीना शर्मा ने बताया कि स्वास्थ्य सेवाओं और शैक्षणिक सुविधाएं लगातार बढ़ रही हैं। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता उमेश चंद्र के अनुसार भवन का ढांचा पूर्ण हो चुका है और अब फिनिशिंग का कार्य चल रहा है।