अमेठी। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की परीक्षा में अमेठी जिले के चार और मेधावी (दो मेधावी एक ही ग्राम पंचायत सरैया दुबान के रहनेे वाले) सफल रहे हैं। सफल होने वाले मेधावियों में एक का चयन डिप्टी एसपी, एक का वाणिज्य कर अधिकारी और दो का आबकारी निरीक्षक के पद पर हुआ है।
खास बात यह कि पीसीएस बनकर परिवार व गांव के साथ जिले का नाम रोशन करने वाले युवाओं में तीन को पहले, चौथे को दूसरे और पांचवें को चौथे प्रयास में सफलता मिली। एक साथ एक ही तहसील (अमेठी) के कुल पांच युवाओं का चयन पीसीएस में होने से न सिर्फ पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है बल्कि चयनितों के परिवारों में खुशी की लहर है। उनके घरों में बधाई देने वालों को तांता लगा हुआ है।
अमेठी ब्लॉक के सीतारामपुर मजरे सरैया दुबान निवासी हनुमान प्रसाद त्रिपाठी लेखपाल हैं। हनुमान के पुत्र प्रवीण कुमार त्रिपाठी का चयन पहले ही प्रयास में डिप्टी एसपी के पद पर हुआ है। प्राथमिक व जूनियर तक की शिक्षा ककवा के श्री जंग बहादुर सिंह इंटर कालेज व हाईस्कूल तथा इंटर की शिक्षा अमेठी के श्री शिव प्रताप इंटर कॉलेज से पूरी करने वाले प्रवीण ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से बीएससी करने के बाद एक वर्ष तक दिल्ली में कोचिंग की। प्रवीण ने बताया कि लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए उसने लगातार आठ से 10 घंटे की पढ़ाई की।
अमेठी ब्लॉक के पूरे ब्रम्हचारी मजरे सरैया दुबान के रहने वाले विजय प्रताप तिवारी श्री गंगा बख्श द्विवेदी इंटर कॉलेज हरदो में विज्ञान प्रवक्ता हैं। विजय के पुत्र सुरेंद्र तिवारी का चयन पहले ही प्रयास में आबकारी निरीक्षक के पद पर हुआ है। सुरेंद्र ने हाईस्कूल तक की शिक्षा अमेठी के सरयू देवी सरस्वती विद्या मंदिर से करने के बाद इंटर व बीए इलाहाबाद से किया। इलाहाबाद यूनिवर्सिटी से अर्थशास्त्र में एमए करने के बाद सुरेंद्र ने भी एक वर्ष तक दिल्ली में रहकर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी की। सुरेंद्र का सपना आईएएस बनने का है।
अमेठी ब्लॉक के ही घाघूघार निवासी सत्येंद्र सिंह इंटर कॉलेज के रिटायर्ड शिक्षक तो उनकी पत्नी शारदा प्राथमिक विद्यालय की प्रधानाध्यापक हैं। सत्येंद्र के पुत्र दीपक सिंह उनके भाई के साथ बचपन से गाजियाबाद में रहे।
मैथ व साइंस में रुचि रखने वाले दीपक ने बीटेक किया है। बीटेक करने के बाद दीपक ने पीसीएस की तैयारी शुरू की। पहले, दूसरे व तीसरे प्रयास में असफल होने के बावजूद दीपक ने हिम्मत नहीं हारी। शुक्रवार को आए पीसीएस के रिजल्ट में उसका चयन आबकारी निरीक्षक के पद पर हुआ। दीपक अभी तैयारी के मूड में हैं।
भेटुआ ब्लॉक के कमासिन गांव निवासी शिक्षक संजीव भारती की बहन मीना का चयन दूसरे प्रयास में वाणिज्य कर अधिकारी के पद पर हुआ है। मीना मौजूदा समय परिषदीय विद्यालय में शिक्षिका हैं। परिषदीय स्कूल से प्राथमिक, जीआईसी टीकरमाफी से हाईस्कूल व संपूर्णानंद संस्कृत महाविद्यालय से इंटर व शास्त्री की पढ़ाई की है। मीना ने बताया कि उसका लक्ष्य आईएएस बनने का है। इसके लिए वह लगातार आठ से 10 घंटे तक पढ़ाई करती हैं। वे आज जिस मुकाम पर हैं वह स्व. पिता चुन्नीलाल (शिक्षक) व भाई संजीव की प्रेरणा का नतीजा है।