गौरीगंज (अमेठी)। सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत कोटे की दुकान पर स्टॉक व वितरण रजिस्टर अपडेट नहीं रखने के साथ कई अनियमितता बरतना कोटेदार को भारी पड़ा। पूर्ति विभाग की संयुक्त टीम के निरीक्षण में खामियां मिलने तथा टीम की रिपोर्ट पर डीएसओ ने कोटेदार का अनुबंध पत्र निलंबित कर डीएम से अनुमति मिलने के बाद शनिवार को आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत केस दर्ज करवा दिया। डीएसओ की कार्रवाई से जिले के कोटेदारों में हड़कंप मचा है।
तिलोई तहसील की रामनगर ग्राम पंचायत में संचालित कोटे की दुकान का निरीक्षण क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी विजय कुमार, पूर्ति निरीक्षक संजय कुमार व पूर्ति लिपिक मार्कंडेय नाथ मिश्र की संयुक्त टीम ने किया। निरीक्षण के दौरान कोटे की दुकान पर कोटेदार अब्दुल खालिक के स्थान पर उसका बेटा अनीश राशन वितरण करता मिला तो दुकान पर रेट बोर्ड/ स्टॉक बोर्ड, विभागीय अधिकारी एवं सतर्कता समिति के सदस्यों के नाम व मोबाइल नंबर का अंकन नहीं मिला।
इतना ही नहीं स्टॉक दस्तावेज में आवश्यक वस्तुओं के वितरण के साथ अवशेष स्टॉक तक अंकित नहीं था तो दुकान के स्टॉक में 36.84 क्विंटल गेहूं और 16.71 क्विंटल चावल कम पाया गया। कोटेदार की ओर से बरती जा रही अनियमितता की रिपोर्ट जांच टीम ने डीएसओ को सौंपी। टीम की रिपोर्ट मिलने के बाद डीएसओ संजय कुमार ने कोटेदार अब्दुल खालिक की दुकान का अनुबंध पत्र निलंबित कर मामले की जानकारी डीएम अरुण कुमार को देते हुए केस दर्ज कराने की अनुमति मांगी। डीएम की अनुमति मिलने के बाद शनिवार को संबंधित थाने में पूर्ति निरीक्षक की तहरीर पर कोटेदार के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत केस दर्ज करवा दिया गया।