जायस (अमेठी)। नगर पालिका सभासदों के बहिष्कार के चलते बोर्ड बैठक टल गई। कुल 25 सभासदों के सापेक्ष बोर्ड बैठक में सिर्फ दो सदस्य ही पहुंचे। जबकि, 23 सभासदों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया। जिससे कोरम पूरा नहीं होने पर बैठक को स्थगित करना पड़ा।
नगर पालिका अध्यक्ष मनीषा की ओर से बुधवार सुबह 11 बजे बोर्ड बैठक बुलाई गई थी। बैठक में अध्यक्ष, ईओ के अतिरिक्त सिर्फ दो सभासद ही पहुंचे। 23 सभासदों ने संयुक्त रूप से प्रेस नोट जारी कर बैठक का बहिष्कार कर दिया। बैठक में मौजूदा वित्तीय वर्ष के लिए पंचम राज्य वित्त आयोग, 15वां वित्त आयोग, दो प्रतिशत स्टांप शुल्क आदि के बारे में चर्चा होनी थी।
बैठक से गैरहाजिर रहने वालों में अशोक मैर्या, शब्बीर कुरैशी, बंसीलाल सोनकर, मोहम्मद फहीम, धर्मेंद्र कुमार, शंभू देव, श्रीनाथ, रामू सोनकर, राम प्रकाश, शंभू देव आदि ने संयुक्त बयान जारी किया है। उन्होंने पालिका अध्यक्ष पर मनमानी और तानाशाही का आरोप लगाया है। कहा कि नगर पालिका में हर माह बोर्ड की बैठक बुलानी चाहिए, लेकिन यहां एक वर्ष में केवल दो बैठक हुई हैं। नगर में सफाई तथा पेयजल व्यवस्था ध्वस्त होने व पालिका कर्मियों का अप्रैल माह से वेतन भुगतान नहीं करने का आरोप है।
उन्होंने कहा है कि अमेठी लोकसभा सांसद केएल शर्मा भी नगर पालिका के पदेन सदस्य हैं और अभी उन्होंने शपथ ग्रहण नहीं किया। उन्हें बिना आमंत्रित किए बैठक बुला ली गई है। नगर पालिका के इओ रविंद्र मोहन का कहना है कि बैठक में केवल दो सभासद ही पहुंचे थे, इस लिए कोरम अधूरा होने के चलते बैठक स्थगित की गई है। जल्द ही फिर से बैठक बुलाई जाएगी।
सदन से बाहर नहीं बल्कि अंदर करें सवाल
बोर्ड बैठक का आयोजन सभासदों व जनता के मुद्दों पर ही किया गया था। ऐसे में सबसे पहले सभासद बोर्ड बैठक में पहुंचे, सवाल बाहर करने के बजाय सदन के अंदर करें। यदि बैठक में नहीं पहुंचेंगे तो मुद्दों पर चर्चा कैसे हो पाएगी। आचार संहिता होने के चलते तीन माह से बैठक नहीं हो सकती थी।
-मनीषा सिंह, नगर पालिका अध्यक्ष, जायस