अमेठी सिटी। नगर पंचायत अमेठी में पुनर्गठन पेयजल योजना अमृत 2.0 में शामिल कर करीब साढ़े 11 करोड़ का बजट जारी किया गया। नामित कार्यदायी संस्था की ओर से फरवरी 2024 में निर्माण कार्य शुरू कराया गया। इस धनराशि से 35 किलोमीटर पाइप लाइन, 750 केएल क्षमता की पानी टंकी का निर्माण और दो नए नलकूप, दो पानी टंकी की मरम्मत, तीन नलकूप रीबोर होने हैं।
अब तक सिर्फ 20 किलाेमीटर पाइप लाइन बिछाई गई है। दो टंकी की मरम्मत, तीन नलकूप रीबोर और दो नए नलकूप की स्थापना हो चुकी है। जगंल रामनगर में निर्माणाधीन नई पानी की टंकी का निर्माण करीब 35 फीसदी हुआ है, जबकि निर्माण पूर्ण करने की अवधि मई 2025 निर्धारित थी। उम्मीद थी कि जून में लोगों को पाइप लाइन से जलापूर्ति मिलने लगेगी, लेकिन शहरी आबादी को अभी पेयजल आपूर्ति के लिए इंतजार करना पड़ेगा।
लोगों को नहीं मिला एक बूंद पानी
शासन की ओर से वर्ष 2015 में बंद पड़ी जलापूर्ति शुरू कराने व मरम्मत के लिए चार करोड़ 95 लाख रुपये की धनराशि दी गई थी। वर्ष 2016-17 में दो किस्तों में राशि भी मिल गई थी। उक्त राशि से परसावां, बेनीपुर प्रथम और द्वितीय, आवास विकास के समीप स्थित नलकूप का रीबोर कराया गया था। जलापूर्ति के लिए पाइ पलाइन का विस्तार करते हुए 36 किलोमीटर बिछाई जानी थी, जिसके सापेक्ष करीब 17 किलोमीटर पाइप लाइन बिछाई गई। इसके अलावा 400 किलोलीटर क्षमता की नई टंकी का निर्माण कराने के साथ ही चारदीवारी व अन्य निर्माण कराए गए। इतनी धनराशि खर्च होने के बाद भी लोगों को एक बूंद पानी नहीं मिल सका।
देरी पर लगाया जुर्माना
सुल्तानपुर के नगरीय डिवीजन जल निगम के जेई उपेंद्र कुमार यादव ने बताया कि फरवरी 2024 से अब तक 50 फीसदी से अधिक धनराशि मिल गई है। निर्माण पूर्ण करने की अवधि मई 2025 निर्धारित थी। बताया कि एनएच की अनुमति नहीं मिलने से पाइप लाइन बिछाने का कार्य शेष है। कार्य में देरी के लिए नामित संस्था को नोटिस के साथ अर्थदंड लगाया गया है।