गौरीगंज कस्बे में छाता लगाकर धूप से बचाव कर जाता बच्चा। संवाद
अमेठी सिटी। जुलाई का अंतिम सप्ताह शुरू होने के बावजूद जिले में मानसून की सुस्ती जारी है। रविवार को अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे उमस और चिपचिपी गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया। बादल आए लेकिन बरसे नहीं जिससे दिनभर उमस रही।
उमस का सबसे अधिक असर खेतों और मजदूरों पर पड़ रहा है। बारिश न होने से किसानों को निजी नलकूपों से धान की सिंचाई करनी पड़ रही है, जिससे खेती की लागत बढ़ रही है। श्रमिक भी उमस के कारण काम करने में परेशानी महसूस कर रहे हैं। किसान कमलाकांत और कृपाशंकर ने बताया कि लगातार सिंचाई से खर्च बढ़ रहा है और फसल को बारिश की जरूरत है।
मौसम वैज्ञानिक डॉ. अमरनाथ मिश्र के अनुसार, अगले 24 घंटे में कुछ स्थानों पर रिमझिम बारिश की संभावना है। जिला अस्पताल में डिहाइड्रेशन, वायरल बुखार और त्वचा संक्रमण के मरीजों की संख्या बढ़ी है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने लोगों से पर्याप्त पानी पीने और अनावश्यक बाहर निकलने से बचने की अपील की है।