अमेठी सिटी। जिले के 49 अफसरों के जन शिकायतों के निस्तारण से 236 फरियादी नाखुश हैं। ऐसे में अब हर अधिकारी को शिकायतों के निस्तारण की आख्या अपलोड करते समय शिकायतकर्ता से बात करनी होगी। अगर शिकायतकर्ता संतुष्ट नहीं है तो दोबारा से मामले की जांच कराई जाएगी।
कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम राकेश कुमार मिश्र ने आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण को लेकर बैठक की। डीएम ने सभी अधिकारियों को शिकायतों के निस्तारण की तिथि से तीन दिन पूर्व गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने को कहा। अत्यधिक असंतुष्ट फीडबैक प्राप्त होने वाले विभागों क्रमशः पंचायती राज विभाग, खाद एवं रसद, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, आबकारी, जल निगम, सहकारिता, लोक निर्माण विभाग, विद्युत व कृषि विभाग के अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दी है।
बताया गया कि जिले से लेकर ब्लॉक स्तर तक की 820 शिकायतों पर फीड बैक लिया गया। इसमें जिला स्तर पर 397 में से 119, तहसील स्तर पर 250 में 20 व ब्लॉक स्तर पर 173 में से 97 शिकायतकर्ताओं ने निस्तारण पर असंतुष्ट का फीडबैक दिया है। इसमें जिले से लेकर ब्लॉक तक के 49 अफसर है। बैठक में एएसपी हरेंद्र कुमार, सीएमओ डा. अंशुमान सिंह, डीडीओ तेजभान सिंह, ई डिस्ट्रिक्ट मैनेजर अमित कुमार सहित अन्य मौजूद रहे।
इन अफसरों से असंतुष्ट हैं शिकायतकर्ता
जिला स्तर पर अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, जल निगम ग्रामीण, प्रांतीय खंड, विद्युत, विद्युत वितरण खंड, सिंचाई, यात्रिंकी, जिला पूर्ति अधिकारी, जिला आबकारी अधिकारी, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, सहायक आयुक्त सहकारिता, जिला कृषि अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, उप निदेशक कृषि, जिला समाज कल्याण अधिकारी। वहीं तहसील स्तर पर सब रजिस्ट्रार गौरीगंज, मुसाफिरखाना, पूर्ति निरीक्षक गौरीगंज, अमेठी, तिलोई, एसडीएम तिलोई व मुसाफिरखाना से शिकायतकर्ता असंतुष्ट हैं।
जबकि ब्लॉक स्तर पर बीईओ संग्रामपुर, बीडीओ शाहगढ़, जामो, भादर, अमेठी, संग्रामपुर, भेटुआ, बहादुरपुर, बाजार शुकुल, जगदीशपुर, तिलोई, सिंहपुर, गौरीगंज, मुसाफिरखाना, प्रभारी चिकित्साधिकारी अमेठी, जामो, बहादुरपुर, बाजार शुकुल, गौरीगंज, संग्रामपुर, सिंहपुर, सीडीपीओ बाजार शुकुल, सिंहपुर, सहायक विकास अधिकारी संग्रामपुर, जगदीशपुर, भेटुआ, शाहगढ़ से भी असंतुष्ट हैं।
यह करनी होगी व्यवस्था
- आख्या अपलोड करते समय शिकायतकर्ता से वार्ता करें, इसके बाद ही आख्या अपलोड करें। असंतुष्ट होने पर दोबारा जांच कराएं ताकि शिकायतकर्ता असंतुष्ट फीडबैक न दें।
- शिकायतों को डिफाॅल्टर हाेने से पहले निस्तारित करें। प्रतिदिन आईजीआरएस सेल द्वारा व्हाट्सएप ग्रुप पर फ्यूचर डिफाल्टर की सूची भेजी जाती है। ऐसे में समय सीमा के भीतर निस्तारण कराएं।
- अगर कोई शिकायत संबंधित विभाग से संबंधित नहीं है तो 24 घंटे के भीतर रेडक्रास का बटन दबाकर उसे वापस करेें। साथ ही अधिकारी मोबाइल प्ले स्टोर पर जन सुनवाई ऑफीसर एप को डाउनलोड करके उसकी प्रतिदिन समीक्षा करें।