हरदों पीएचसी पर आयोजित आरोग्य मेले का निरीक्षण करते सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह। स्रोत: विभाग
अमेठी सिटी। लगातार बढ़ रहे तापमान और मौसम में उतार-चढ़ाव का असर अब लोगों की सेहत पर साफ नजर आने लगा है। रविवार को जिले के 30 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आयोजित मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेले में मरीजों की भीड़ उमड़ी। स्वास्थ्य विभाग की ओर से 51 चिकित्सकों और 255 पैरामेडिकल कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी। मेले में 1618 मरीजों का उपचार किया गया। इसके अलावा 57 लोगों के गोल्डन कार्ड बनाए गए, जबकि गंभीर हालत वाले नौ मरीजों को उच्च केंद्र रेफर किया गया।
पीएचसी सैठा में दोपहर करीब 12:20 बजे तक खांसी, बुखार, हड्डी दर्द, पेट दर्द और उल्टी-दस्त से पीड़ित मरीजों की लंबी कतार लगी रही। यहां डॉ. राजीव सौरभ और डॉ. यश त्रिपाठी मरीजों का उपचार करते नजर आए। मेले में पहुंचीं मालती ने बताया कि उनके बेटे यश सिंह को डिहाइड्रेशन हो गया है। सूरसती ने गांठ और पैर दर्द के साथ गैस व बुखार की समस्या बताई। शांति सिंह कई दिनों से बुखार से परेशान थीं।
वहीं रमेश कुमार ने पूरे शरीर में दर्द और भूख न लगने की समस्या बताई। डॉ. राजीव सौरभ ने दवा देते हुए लोगों से मौसम के अनुसार सावधानी बरतने, समय पर इलाज कराने और खानपान पर विशेष ध्यान देने की अपील की। इस दौरान सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह ने पीएचसी हरदो और जायस का निरीक्षण किया। निरीक्षण में सभी कर्मचारी उपस्थित मिले, जबकि एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अनुपस्थित पाई गई।
महोना पीएचसी में सीएचओ अनुपस्थित
बाजारशुकुल। महोना स्थित पीएचसी में आयोजित जन आरोग्य मेले में अव्यवस्था देखने को मिली। सुबह 11:40 बजे तक डॉ. दिनेश तिवारी, फार्मासिस्ट प्रदीप कुमार सिंह, लैब सहायक अशोक कुमार और स्टाफ नर्स नीलम व पवन कुमार मौजूद रहे, जबकि सीएचओ सहित अन्य कर्मी अनुपस्थित रहे। इलाज कराने पहुंचीं जनकदुलारी ने बताया कि वह एक सप्ताह से जुकाम, बुखार और खांसी से परेशान हैं। जांच के बाद चिकित्सक ने दवा दी। चांदगढ़ निवासी सकीला, दीना का पुरवा निवासी कलीमुल और रानीगंज निवासी समीर ने भी जुकाम, बुखार, खांसी व पेट संबंधी समस्याएं बताईं। सभी मरीजों को दवा के साथ खानपान में परहेज और सतर्कता बरतने की सलाह दी गई।