महरुआ (अंबेडकरनगर)। बगैर बाउंड्रीवाल का निर्माण कराए पशु आश्रय केंद्र पर पशुओं को रखने को लेकर मंगलवार को खड़हरा के ग्रामीणों ने हंगामा किया। डीसीएम से करीब एक दर्जन पशुओं को लेकर आश्रय केंद्र पर छोड़ने पहुंचे बीडीओ व मुख्य पशु चिकित्साधिकारी को काफी देर तक विरोध का सामना करना पड़ा।
मौके पर पहुंची महरुआ पुलिस ने समझा कर मामले को शांत कराया। इसके बाद आश्रय केंद्र पर पशुओं को रखा गया। पशु बाहर न निकल सकें, इसके लिए आश्वासन दिया गया कि बाउंड्रीवाल का निर्माण होने तक बैरिकेडिंग की बेहतर व्यवस्था की जाएगी।
ग्रामीणों की मांग पर कटेहरी विकास खंड के खड़हरा गांव में 500 से अधिक पशुओं को रखने के लिए पशु आश्रय केंद्र का निर्माण कराया जा रहा है। अभी बाउंड्रीवाल का निर्माण पूरा नहीं हो सका है। मंगलवार को बीडीओ कटेहरी सुभाष सिंह व मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एसके बरनवाल डीसीएम से वहां रखने के लिए करीब 12 गोवंशों को लेकर पहुंचे।
इसकी जानकारी ग्रामीणों को हुई तो उनमें आक्रोश फैल गया। स्थानीय रामसुरेश, रवींद्र पांडेय, महेंद्र पांडेय, जगन्नाथ, अनिल कुमार सिंह, गुड्डू व शिवकुमार ने पहुंचकर विरोध शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि बाउंड्रीवाल का निर्माण नहीं हुआ है। ऐसे में पशु बाहर निकलकर किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचाएंगे। जब तक बाउंड्रीवाल का निर्माण पूरा नहीं हो जाता, तब तक यहां पशुओं को न रखा जाए।
ग्रामीणों के बढ़ते विरोध को देखते हुए अधिकारियों ने इसकी सूचना महरुआ पुलिस को दी। थानाध्यक्ष गजेंद्र विक्रम सिंह ने टीम के साथ पहुंचकर ग्रामीणों को समझाकर शांत कराया।