राजेसुल्तानपुर (अंबेडकरनगर)। तहसील क्षेत्र आलापुर के सराय हंकार व कमालपुर पिकार के पास पिकिया नदी पर पुल न बनाने का खामियाजा करीब 20 हजार आबादी को भुगतना पड़ रहा है। लगभग तीन दशक से चली आ रही मांग अब तक पूरी नहीं हो सकी है। इससे दर्जन भर गांवों के ग्रामीणों को आवागमन में काफी मुश्किल हो रही है। उन्हें 10 से 15 किलोमीटर अतिरिक्त चक्कर लगाने के लिए विवश होना पड़ता है।
पिकिया नदी पर पुल न बनने से सराय हंकार की तरफ स्थित इटौरा ढ़ोलीपुर, कम्हरिया, मदैंनिया, सेमरा कठमोरवा व कमालपुर पिकार की तरफ स्थित सैथुआ, रतिगरपुर, भंडा़र व घिनहापुर सहित एक दर्जन गांव के लोगों को आवागमन में मुश्किल हो रही है। ग्रामीणों को कम्हरिया घाट पहुंचने के लिए देवलर, गढ़वल होकर गुजरना पड़ता है। इससे उन्हें 10 से 15 किलोमीटर अधिक दूरी तय करनी पड़ रही है। पुल बन जाने से कई गांवों के लोग महज पांच से छह किलोमीटर की दूरी तय कर कम्हरिया घाट तक पहुंच सकेंगे। सबसे ज्यादा मुश्किल किसानों को नदी के दूसरे पार स्थित खेतों तक जाने को लेकर होती है।
लोगों ने जताई नाराजगी
सामाजिक कार्यकर्ता भावेश सिंह गंगे व मित्रसेन का कहना है कि कई बार पुल निर्माण की मांग की गई लेकिन जिम्मेदार लोग इस तरफ ध्यान नहीं दे रहे हैं। इससे करीब 20 हजार आबादी को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। पुल बन जाने से आसपास के गांवों के ग्रामीणों के साथ ही अन्य क्षेत्र के लोगों को भी लाभ मिलता। इस तरफ ध्यान न दिए जाने से काफी दिक्कत हो रही है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मामले को संज्ञान में लिए जाने की मांग की है।