अंबेडकरनगर। कोरोना को लेकर बड़ी लापरवाही सामने आई है। भीटी में एक पखवाड़े पहले कोरोना से युवक की मौत हो जाने के बावजूद स्वास्थ्य महकमा हाथ पर हाथ धरे बैठा रहा। न तो कोरोना की जांच बढ़ाने की सुध हुई और न ही लोगों को एहतियात बरतने के लिए प्रेरित करने पर ध्यान दिया गया। मौत को लेकर साधी गई चुप्पी बड़े सवालों के घेरे में है। इस बीच बुधवार को दो नए कोरोना संक्रमित पाए गए। अब कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर तीन हो गई है।
एक तरफ कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ रहा है तो दूसरी ओर जिले का स्वास्थ्य महकमा पूरी तरह बेफिक्र है। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि लगभग एक पखवाड़े पहले कोरोना से हुई मौत को ही स्वास्थ्य विभाग दबा ले गया। कोरोना से मौत को लेकर जब पूरे जिले में विभाग को अलर्ट होना चाहिए था तब बेफिक्री का माहौल बना रहा। अब राज्य मुख्यालय से यह खबर सामने आई कि अंबेडकरनगर में कोरोना से एक मौत हो गई है।
सवाल यह है कि स्वास्थ्य विभाग ने यदि कोरोना से हुई मौत की खबर छिपा भी ली तो संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए जांच का दायरा बढ़ाना चाहिए था। विभाग ने इस तरफ ध्यान नहीं दिया। भीटी निवासी युवक की मौत के बाद गांव में टीम भेजकर विभाग ने अपनी जिम्मेदारी पूरी कर ली। अधिकारियों के अनुसार गांव में या युवक के परिवार में कोई अन्य कोरोना संक्रमित नहीं पाया गया था।
बीते दिनों टांडा निवासी युवक के कोरोना संक्रमित पाए जाने के बाद स्वास्थ्य विभाग कुछ सक्रिय हुआ है। अब बस स्टेशन व रेलवे स्टेशन समेत अन्य जगहों पर जांच तेजी से शुरू करा दी गई है। बुधवार को कुल 868 लोगों का आरटीपीसीआर टेस्ट जबकि 826 लोगों का एंटीजन टेस्ट हुआ। विभागीय रिकाॅर्ड के अनुसार दो नए कोरोना संक्रमित भी पाए गए हैं। दोनों नागरिक लखनऊ में हुई जांच में संक्रमित मिले हैं।
तेजी से शुरू हुई जांच
कोरोना की जांच तेजी से शुरू करा दी गई है। दो नए कोरोना संक्रमित मिले हैं। एक युवक की मौत बीते दिनों हुई थी जिसकी जानकारी विलंब से यहां पहुंच पाई।
- डॉ. आशुुतोष सिंह, डिप्टी सीएमओ