अंबेडकरनगर। जिले में संचालित 1126 कोटे की दुकानें जल्द ही जनसेवा केंद्र की सुविधाओं से लैस होगी। इस सुविधा के संचालन से न केवल कोटेदारों की आय में बढ़ोत्तरी होगी वरन ग्रामीणों को भी ऑन लाइन सेवा से जुड़े कार्य आसानी से कराने का फायदा भी मिलेगा।
इसके लिए सभी कोटेदारों का जन सेवा के संचालन के लिए निशुल्क आईडी के साथ ही कार्य कुशलता विकसित करने को विशेष प्रशिक्षण सुविधा भी मिलेगी। इसके बाद कोटेदार आवेदन कर अपनी दुकान में जन सेवा केंद्र का संचालन शुरू कर सकेंगे।
सस्ते दर पर खाद्यान्न का वितरण करने वाले कोटेदारों की आर्थिक स्थिति बेहतर बनाने के लिए प्रदेश सरकार ने उनकी आय में बढ़ोत्तरी के लिए नयी व्यवस्था को लागू किया है। इससे अब तक सिर्फ कोटे की दुकान से आवंटित खाद्यान्न का वितरण करने वाले कोटेदार जन सेवा केंद्र पर संचालित ऑन लाइन कार्यों से जुड़ी सेवाओं का संचालन कर इसकी शुल्क राशि के बतौर आय अर्जित कर सकेंगे।
खाद्यान्न वितरण पर मिलने वाले कमीशन को नाकाफी बताते हुए कोटेदारों बीते लंबे समय से हर माह न्यून्तम 10 हजार रुपया प्रतिमाह मानदेय की मांग कर रहे हैं। कोटेदारों की आर्थिक तंगहाली दूर कराने के लिए ही अब कोटेदारों को जनसेवा केंद्र के संचालन की सुविधा मुहैया करायी जा रही है।
नयी व्यवस्था के माध्यम से कोटेदार न सिर्फ राशन कार्ड से जुड़ी ऑन लाइन समस्याओं को स्वत: निस्तारित कर सकेंगे वरन अन्य सरकारी योजनाओं के साथ ही ऑन लाइन स्तर पर जारी होने वाले प्रमाणपत्र इत्यादि की सुविधा मुहैया कराकर आवेदक से एक तय शुल्क राशि भी ले सकेंगे।
प्रदेश सरकार की इस पहल को कोटेदारों ने खुलकर सराहा है। अयोध्या मार्ग निवासी कोटेदार सुरेश का कहना है कि इससे उनकी आय में वृद्धि के साथ ही ग्रामीणों को भी बिना भटके अपना काम काज कराने की सुविधा मिलेगी। मीरानपुर निवासी कोटेदार जीतबहादुर जायसवाल, कोटेदार अनिल सिंह व ज्योतिषराम वर्मा ने इसे कोटेदारों के हित में सरकार की तरफ से किया गया बड़ा और सराहनीय कार्य बताया है।
शीघ्र शुरू होगा प्रशिक्षण
जनसेवा केंद्र के संचालन के लिए कोटे की दुकानों के संचालन से जुड़े कोटेदारों का विशेष प्रशिक्षण कार्य जल्द ही शुरू होगा। इसके बाद कोटेदार जनसेवा केंद्र को शुरू करने के लिए आवेदन कर निशुल्क आईडी प्राप्त कर सकेंगे।
राकेश कुमार, जिलापूर्ति अधिकारी