अंबेडकरनगर। तेज हवा के साथ हुई बारिश से बिजली आपूर्ति व्यवस्था ध्वस्त हो गई। कई स्थानों पर तार और खंभे टूट गए। पेड़ गिरने से भी बिजली की लाइनों को नुकसान पहुंचा। इसके चलते लगभग ढाई लाख आबादी की बिजली बृहस्पतिवार पूरी रात गुल रही। शुक्रवार दोपहर तक आपूर्ति व्यवस्था दुरुस्त हो सकी। इसके बावजूद अकबरपुर नगर के कई क्षेत्रों में दिनभर बिजली की आवाजाही बनी रही।
जिले में बृहस्पतिवार दोपहर बाद तेज हवा के चलते के साथ बारिश होने लगी। कुछ देर बाद बारिश धीमी हो गई लेकिन तेज हवा का दौर रुक रुककर चलता रहा। इसके चलते अकबरपुर-अयोध्या मार्ग पर बैरमपुर बरवां के निकट एक बड़ा पेड़ गिर गया। इसके बिजली की लाइन टूट गए। इसके अलावा कोटवा के निकट पेड़ गिरने से तार क्षतिग्रस्त हो गए। इससे दोनों इलाके की बिजली आपूर्ति ठप हो गई।
उपकेंद्र कर्मियों ने वैकल्पिक व्यवस्था के तहत आपूर्ति शुरू करने का प्रयास किया लेकिन सफल नहीं हुए। इससे लगभग 40 हजार की आबादी को पूरी रात अंधेरे में गुजारनी पड़ी। इसके अलावा महरुआ, भीटी, राजेसुल्तानपुर, जहांगीरगंज, जलालपुर, कटेहरी, टांडा, बसखारी, किछौछा व कई अन्य क्षेत्रों में तार टूटने व दूसरे गड़बड़ी के चलते बृहस्पतिवार दोपहर बाद बाधित हुई बिजली आपूर्ति रातभर बहाल नहीं हो सकी।
उपकेंद्रों की टीम शुक्रवार सुबह गड़बड़ी दूर करने निकलीं। लाइनों को दुरुस्त कर दोपहर तक आपूर्ति बहाल हो सकी लेकिन तब लगभग ढाई लाख की आबादी को परेशानी हुई। इसके बाद भी बिजली की आवाजाही लगी रही।
धान व गन्ने की फसल धराशायी
बारिश के साथ चली तेज हवा ने गन्ना व धान की अगेती फसल को काफी नुकसान पहुंचाया। कई इलाकों में फसल खेत में धराशायी हो गई। इससे उत्पादन प्रभावित होने का किसानों डर सता रहा है। अकबरपुर के रामजीत ने बताया कि तेज हवा के चलते उनकी ढाई बीघा धान की अगेती फसल खेत में गिर गई। इससे उपज कम होने का खतरा है। कटरिया के सुनील कुमार ने बताया कि उनकी डेढ़ बीघा धान की फसल खेत में धराशायी हो गई। कटरिया के ही सालिकराम की गन्ने की फसल गिर गई। कई अन्य क्षेत्रों में भी धान की अगेती व गन्ने की फसल धराशायी होने से किसान परेशान हैं।