अंबेडकरनगर। एकमुश्त समाधान योजना के तहत नलकूप का बकाया बिजली बिल भरने के लिए किसान आगे नहीं आ रहे। जिले में ऐसे नौ हजार किसान हैं, जिनके पास नलकूप है, इनमें से अब तक दाे हजार किसानों ने ही पंजीकरण कराया है। पिछला बकाया होने से किसानों को मार्च 2024 से नलकूप के लिए मुफ्त बिजली का लाभ भी नहीं मिल पा रहा है। छूट पर नलकूप का बकाया बिल भरने के लिए किसानों के पास 17 सितंबर तक आखिरी मौका है।
जनपद में सिंचाई के लिए किसानों ने निजी नलकूप के कनेक्शन कराए हैं, ताकि उनकी फसलों को समय से पानी मुहैया हो सके। इसके लिए उन्होंने बिजली कनेक्शन भी लिया है। इन कनेक्शन पर दो हजार रुपये वार्षिक फिक्स बिल लगता रहा है। किसानों को राहत देने के लिए सरकार ने अप्रैल 2024 से नलकूप का बिजली बिल पूरी तरह से माफ कर दिया है। लेकिन इस योजना का लाभ लेने के लिए किसानों को अप्रैल से पहले तक का पूरा बकाया बिल जमा करना होगा।
इसके लिए शासन की तरफ से ओटीएस अर्थात एक मुश्त समाधान योजना शुरू की गई है। ताकि बकाया बिल आसानी से जमा कर के किसान नलकूप के लिए मुफ्त बिजली का लाभ ले सकें। विभाग के आंकड़ों के अनुसार योजना के तहत जिले के नौ हजार कनेक्शन धारकों का पंजीकरण होना है। इनमें से केवल दो हजार लोगों ने पंजीकरण कराते हुए बिल अदा किया है। शेष लोगों के लिए सरकार ने ओटीएस में पंजीकरण के लिए 17 सितंबर तक का समय निर्धारित किया है। वहीं, अधीक्षण अभियंता गिरीश मिश्र ने बताया कि पंजीकरण न कराने पर किसानों को योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा। शेष कनेक्शन धारकों के पंजीकरण पर जोर दिया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक संख्या में बकाया जमा हो सके। (संवाद)