बसखारी सीएचसी में हंगामे के बाद पहुंची पुलिस।
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बसखारी। सीएचसी बसखारी में शनिवार शाम प्रसव के बाद महिला की मौत हो गई। इस पर परिवारीजनों के साथ ही वहां मौजूद अन्य लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। बसखारी थाने की पुलिस टीम ने परिवारीजनों को समझाया बुझाया, लेकिन वे कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। देर रात मामले को गंभीरता से लेते हुए सीएमओ ने स्टाफ नर्स समेत तीन के खिलाफ कार्रवाई की है।
बताया जाता है कि बसखारी थाना क्षेत्र के भोजपुर निवासी जसवंत की पत्नी आरती (20) को प्रसव पीड़ा के बाद शनिवार सुबह 9 बजे बसखारी सीएचसी में भर्ती कराया गया। अपराह्न 4 बजे उसे पुत्र पैदा हुआ। परिवारीजनों के अनुसार शाम साढ़े 6 बजे करीब महिला की तबियत बिगड़ने लगी। उन्होंने इसकी जानकारी स्टाफ नर्स शशिबाला को देते हुए चिकित्सक डॉ. अंजुम आरा को बुलाने की बात कही। आरोप है कि शशिबाला ने यह कहते हुए चिकित्सक को बुलाने से इन्कार कर दिया कि कुछ ज्यादा तबियत नहीं खराब है। अभी कुछ देर में ठीक हो जाएगी। चिकित्सक को बुलाने की जरूरत नहीं है। इसी बीच महिला की मौत हो गई।
महिला की मौत की जानकारी होते ही परिवारीजनों के साथ ही वहां मौजूद गांव के कुछ अन्य लोगों ने अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू कर दिया। इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग करने लगे। हंगामे की सूचना मिलते ही एसओ जेपी सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिवारीजनों को समझाने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली।
परिवारीजन सीएमओ को बुलाए जाने व दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई किए जाने की मांग करने लगे। उधर सीएचसी प्रभारी डॉ. मारकण्डेय प्रसाद ने कहा कि महिला की मौत हुई है। मामले में जांच कराई जाएगी। सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि घटना की जानकारी है। कोई चूक पाई गई, तो कार्रवाई होगी।
स्टाफ नर्स समेत तीन पर हुई कार्रवाई
मामले को गंभीरता से लेते हुए स्टाफ नर्स शशिबाला को निलंबित कर दिया गया है व संविदा चिकित्सक अंजुम आरा की संविदा समाप्ति का पत्र भेजा जा रहा है। इसके अलावा पूरी व्यवस्था में शिथिल पर्यवेक्षण के लिए सीएचसी प्रभारी के निलंबन की संस्तुति की जा रही है।-डॉ. अशोक कुमार, सीएमओ