फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फर्जी प्रमाणपत्र के जरिये बना शिक्षक, गिरफ्तार

Sun, 11 Jun 2017 11:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर
विज्ञापन
श‌िक्षक - फोटो : symbolic
विज्ञापन
फर्जी प्रमाणपत्र लगाकर कूटरचित ढंग नौकरी हासिल करने वाले परिषदीय विद्यालय के एक शिक्षक को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसके विरुद्ध न्यायालय से गैरजमानती वारंट जारी था। इससे पहले दो आरोपी शिक्षक पहले ही जेल जा चुके हैं। आठ शिक्षक अभी भी पुलिस पकड़ से दूर बने हुए हैं। 
विज्ञापन


गौरतलब है कि वर्ष 2014 में बेसिक शिक्षा अधिकारी से शिकायत की गई थी कि जिला शिक्षा एवं शिक्षण संस्था आलापुर में फर्जी मार्कशीट व अन्य प्रमाणपत्र लगाकर कुछ लोगों ने शिक्षक की नौकरी हासिल कर ली है। तत्कालीन बीएसए के निर्देश पर गठित टीम ने जब जांच की तो इसमें 11 ऐसे शिक्षक सामने आए जिन्होंने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अलग-अलग परिषदीय विद्यालयों में नौकरी हासिल की थी।

इस पर जिला शिक्षा एवं शिक्षण संस्थान के प्रभारी ने हंसवर थाने में विनोद कुमार, रामतिलक, रामरुद्र, हरिप्रसाद, अरुण कुमार, अवेधश कुमार, दुर्गाप्रसाद, मंटू, रामसुरेश, जयप्रकाश समेत कुल 11 शिक्षकों के विरुद्ध 7 नवंबर 2014 को विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कराया था।
विज्ञापन


पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की लेकिन एक भी आरोपी हत्थे नहीं चढ़ सका। पुलिस ने न्यायालय से सभी आरोपियों के विरुद्ध गैरजमानती वारंट हासिल कर लिया। लगभग एक वर्ष पहले पुलिस ने दो आरोपियों विनोद कुमार निवासी कटेहरी थाना अहिरौली व रामतिलक निवासी मिर्जापुर कोडरा थाना अकबरपुर को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।

इस बीच शनिवार को पुलिस को जानकारी मिली कि एक अन्य आरोपी रामरुद्र पुत्र राजाराम निवासी खानपुरशाह सुलेम थाना अकबरपुर घर पर मौजूद है। इस पर पुलिस ने देर रात छापा मारकर उसे गिरफ्तार कर लिया। एसओ त्रिभुवन वर्मा ने बताया कि आरोपी को जेल भेज दिया गया। अन्य की तलाश जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें