अंबेडकरनगर। निर्देश था गन्ना बिक्री के 15 दिन के अंदर भुगतान का, लेकिन चार माह से अधिक का समय बीत गया, अब तक 12 हजार से अधिक किसानों का लगभग 8 करोड़ रुपये का भुगतान नहीं हो सका है। भुगतान के लिए संबंधित किसान लगातार अकबरपुर चीनी मिल कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन भुगतान को लेकर कोई ठोस कदम अब तक चीनी मिल प्रशासन द्वारा नहीं उठाया जा सका है। ऐसे में संबंधित किसानों के समक्ष विभिन्न प्रकार की आर्थिक समस्याएं खड़ी हो रही हैं। प्रभावित किसानों ने आंदोलन की चेतावनी दी है।
गत 26 अप्रैल को अकबरपुर चीनी मिल मिझौड़ा में गन्ना पेराई सत्र समाप्त हो गया था। चीनी मिल को 96 लाख क्विंटल पेराई का लक्ष्य मिला था, लेकिन इससे कहीं अधिक 104 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई की गई। गन्ना बिक्री करने वाले किसानों को भुगतान में किसी प्रकार की मुश्किल न हो, इसके लिए शासन ने चीनी मिल प्रशासन को गन्ना खरीद के 15 दिन के अंदर भुगतान करने का निर्देश दिया था। शासन के तमाम दिशा निर्देश के बावजूद चीनी मिल प्रशासन किसानों के हित को लेकर गंभीर नहीं हो सका। अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि चीनी मिल में पेराई सत्र संपन्न हुए चार माह से अधिक का समय बीत गया, लेकिन अब तक 12 हजार किसानों का लगभग 8 करोड़ रुपये का बकाया भुगतान नहीं हो सका है।
भुगतान को लेकर संबंधित किसान बार बार चीनी मिल कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उनकी कोई सुध नहीं ली जा रही है। भुगतान के नाम पर मिल प्रशासन द्वारा सिर्फ आश्वासन ही दिया जा रहा है। इसके आगे प्रक्रिया नहीं बढ़ पा रही है। नतीजा यह है कि संबंधित किसानों के समक्ष विभिन्न प्रकार की आर्थिक समस्या खड़ी हो रही है। किसानों ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही भुगतान नहीं हुआ, तो आंदोलन किया जाएगा।
खड़ी हो रही विभिन्न प्रकार की समस्या
अकबरपुर के गन्ना किसान जियाराम पटेल ने कहा कि उन्होंने अप्रैल माह की शुरुआत में ही गन्ने की बिक्री की थी। चार माह बीत गए, लेकिन अब तक भुगतान नहीं हो सका है। कहा कि 15 दिन के अंदर भुगतान का निर्देश है, लेकिन उसका पालन मिल प्रशासन द्वारा नहीं किया जा रहा है। भुगतान न होने के चलते बेटे का प्रवेश बीटेक में कराने के लिए दूसरे से उधार लेना पड़ा। बरधाभिउरा के मंगल वर्मा ने कहा कि वे अपना घर बनवा रहे हैं। भुगतान न होने से धनाभाव के चलते निर्माण कार्य बीच में रोकना पड़ा। कई बार चीनी मिल का चक्कर लगाया, लेकिन सिर्फ आश्वासन ही दिया गया। कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका है।
शीघ्र होगा बकाया भुगतान
लगभग 8 करोड़ रुपये का भुगतान होना शेष है। गत दिवस प्रदेश सरकार से आवश्यक धनराशि मिल प्रबंधन को उपलब्ध हुई है। शीघ्र ही किसानों का बकाया भुगतान कर दिया जाएगा। -अरविंद कुमार सिंह, मुख्य गन्ना प्रबंधक