अंबेडकरनगर। कोषागार विभाग को जिले के 261 पेंशनभोगियों के जीवित प्रमाणपत्र का इंतजार है। यह प्रमाणपत्र न मिलने से इनकी पेंशन रोक दी गई है। इस बीच जिन पेंशनभोगियों को पेंशन जा रही है, उन्हें अविलंब यह प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने को कहा गया है। पहली नवंबर से अब तक लगभग 782 पेंशनभोगियों ने जिला कोषागार में जीवित प्रमाणपत्र जमा कर दिया है।
पेंशनभोगियों को लगातार पेंशन मिलती रहे, इसके लिए उन्हें प्रत्येक वर्ष नवंबर व दिसंबर में जीवित प्रमाणपत्र देना होता है। यह प्रमाणपत्र जिला कोषागार के अलावा संबंधित बैंकों व जनसेवा केंद्र के माध्यम से जमा किया जाता है। गौरतलब है कि जिले में कुल 10 हजार 600 पेंशनभोगी हैं।
इनमें से 261 ऐसे हैं जिन्होंने जीवित प्रमाणपत्र नहीं जमा किया है। जिला कोषागार कार्यालय के अनुसार जिसने जीवित प्रमाणपत्र नहीं जमा किया था, उसकी पेंशन रोक दी गई है। इनमें से 50 पेंशनभोगी वर्ष 2019-20, 60 पेंशनभोगी 2020-21 तथा 151 पेंशनभोगी 2021-22 वित्तीय वर्ष के हैं। इन सभी की पेंशन अलग-अलग समय पर रोक दी गई है। इनके पते पर पत्र भेजकर जीवित प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने को कहा गया है।
इस बीच जीवित प्रमाणपत्र जमा कराने का काम पहली नवंबर से प्रारंभ हो गया है। पहले ही दिन से पेंशनभोगी जिला कोषागार कार्यालय के अलावा बैंक में जीवित प्रमाणपत्र जमा करने लगे हैं। शुक्रवार तक 782 पेंशनभोगियों ने अपना जीवित प्रमाणपत्र जमा कर दिया है।
उधर जिला कोषागार अधिकारी जगरोपनराम ने बताया कि जीवित प्रमाणपत्र जमा करने में सुविधा के लिए विशेष काउंटर बनाए गए हैं। संबंधित बैंकों में भी यह प्रमाणपत्र जमा कराया जा सकता है।