सदाकत के मोबाइल को चेक किया गया तो व्हाट्सएप पर अतीक के चौथे नंबर के बेटे से उसकी लगातार चैटिंग हुई है। कुछ चैटिंग डिलीट कर दी गई। इसके अलावा कई व्हाट्सएप आडियो और वीडियो कॉल भी डिलीट किए गए थे। अब इन डिलीटेड कॉल के बारे में जानकारी हासिल करने का प्रयास किया जा रहा है।
पुलिस सोमवार को सदाकत को लेकर मुस्लिम बोर्डिंग हास्टल गई थी। वहां उसके कमरे को खंगाला गया। वापस लौटते समय सदाकत ने पुलिस अभिरक्षा से भागने की कोशिश की। दौड़ते हुए वह डिवाइडर से टकरा गया।
घटना में उसके सिर और चेहरे पर काफी चोटें आ गई थीं। इसी कारण उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। इंस्पेक्टर धूमनगंज राजेश मौर्य ने बताया कि मंगलवार न्यायिक अभिरक्ष रिमांड बन गया है। सदाकत अस्पताल में भर्त है, इसलिए डाक्टर के परामर्श के बाद ही उसे जेल भेजा जा सकेगा। डॉक्टर बुधवार को उसकी तबीयत की समीक्षा करेंगे। इसके बाद आगे निर्णय लिया जाएगा।
शूटरों के कई रिश्तेदारों को पुलिस ने उठाया
उमेश पाल हत्याकांड में पुलिस ने सोमवार की रात से लेकर मंगलवार तक शूटरों के कई नजदीकी रिश्तेदारों को पकड़ा है। उनकी सीडीआर और सोशल मीडिया एकाउंट्स को खंगाला जा रहा है। शूटरों के मोबाइल कॉल डिटेल्स पुलिस को मिल गए हैं। उसी आधार पर लोगों को पूछताछ के लिए बुला रही है। गुलाम के अतीक गिरोह से संबंधों, उसके फोन कॉल्स और उसके मिलने जुलने वालों के बारे में पूछा। गुलाम की पिछले तीन महीने के दौरान क्या गतिविधियां रहीं? सभा के जिलाध्यक्ष राहिल हसन से पुलिस पहले दिन से पूछताछ कर रही है। पुलिस ने गुड्डू मुस्लिम के नैनी में रहने वाले साढ़ू, साढ़ू के बड़े भाई तथा एक अज्ञात व्यक्ति को उठाया है।
शाहगंज और कोतवाली से तीन पटाखे वालों को पकड़ा
शूटरों ने रायफल और पिस्टलों से फायरिंग के साथ साथ घटनास्थल पर कई बम पटके थे। माना जा रहा है कि बम के लिए मसाले उन्होंने किसी पटाखे की दुकान से ही लिया था। पुलिस ने नखासकोहना और कोतवाली क्षेत्र के दुकानदारों को पकड़ा है। तीनों की कॉल डिटेल्स चेक की जा रही हैं।