प्रयागराज के राजापुर इलाके में पानी में डूबा ट्रांसफार्मर।
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गंगा-यमुना का जलस्तर बढ़ने से सोमवार की सुबह जिले में 27 ट्रांसफाॅर्मर और बाढ़ की चपेट में आ गए हैं जबकि इससे पहले 22 ट्रांसफार्मर पहले ही डूबे हुए हैं। इससे करीब 250 मोहल्ले और गांवों के निचले इलाकों में अंधेरा छा गया है। वहीं, बिजली समस्या से निपटान के लिए विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता, एसडीओ व जेई की बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में ड्यूटी लगाई गई है।
कब्रिस्तान गली, सुंदरम काॅलोनी, सदियापुर, रसूलाबाद घाट, गंगा दर्शन, ऊंचवागढ़ी कछार, गुल फरोज, नया कछार, ढरहरिया, समुद्र कूप, केडब्ल्यू नाला, सिंगला ओवरब्रिज, शंकरघाट, बेली कब्रिस्तान समेत कई स्थानों पर लगे ट्रांसफाॅर्मर सोमवार को बाढ़ की चपेट में आ गए। इससे तत्काल यहां की बिजली आपूर्ति बंद करा दी गई। रसूलाबाद घाट के रहने वाले सुमित रंजन ने बताया कि उनका मकान बाढ़ में डूब गया है। पूरे मोहल्ले के निचले इलाकों के घरों की बिजली काट दी गई है। मुख्य अभियंता प्रथम राजेश कुमार का कहना है कि सुरक्षा के मद्देनजर बिजली आपूर्ति बंद की गई है।
वहीं यमुना बैंक रोड समेत जिले के तीन उपकेंद्र जलमग्न हो गये हैं। गंगापार का गोड़वा उपकेंद्र पहले ही पानी से घिरा था। वहीं, कौड़िहार, झूंसी, हंडिया, श्रृंग्वेरपुर के आठ और गांव में बाढ़ का पानी भरने से बिजली आपूर्ति ठप हो गई है। इसके अलावा यमुनापार का लेड़ियारी उपकेंद्र भी पहले से ही बाढ़ की चपेट में है। यहां करीब आठ हजार उपभोक्ता प्रभावित हैं। सोमवार को आसपास के करीब 10 और गांव पानी से घिर गए।